भूमिगत खदान के लिए पहले विदेशों से बुलाने पड़ते थे एक्सपर्ट, अब स्थानीय युवा भूमिगत माइनिंग में पा रहे महारत
उदयपुर। हिंदुस्तान जिंक की खनन अकादमी (Hindustan Zinc Mining Academy) की जून 2022 में हुई शुरूआत से अब तक 20 ऑपरेटर स्नातक की उपाधि प्राप्त कर चुके हैं। खासबात है कि इस अकादमी के शुरू होने से जहां स्थानीय युवाओं को भूमिगत माइनिंग में भविष्य बनाने का अवसर मिल रहा है, तो वहीं इसके लिए विदेशों से एक्सपर्ट बुलाने की निर्भरता भी कम हो रही है।
हिंदुस्तान जिंक के प्रतिनिधि ने जानकारी दी कि उदयपुर के जावर के नजदीक केसरिया गांव रहने वाले बद्री लाल मीणा ने भूमिगत खदान में कार्य को अपना कॅरियर चुना था। लेकिन उनकी अधूरी शिक्षा के चलते वे इस काम में बढ़ नहीं पा रहे थे। फिर उन्हें हिंदुस्तान जिंक की जावर स्थित माइनिंग एकेडमी का पता चला। उन्होंने माइनिंग अकादमी में प्रवेश लिया। अब बद्रीलाल ने कठोर प्रशिक्षण, कक्षा सत्र और व्यावहारिक अनुभव के साथ भूमिगत खदान कर्मचारी, मशीन ऑपरेटर के रूप में कार्य करना शुरू कर दिया है।
जावर गांव के ही कुन्दन सिंह भाटी भी पिता की तरह जावर ग्रुप ऑफ माइंस में कार्य करने की मंशा रखते थे। उनका सपना भी विदेशी कर्मचारियों के समकक्ष कार्य करने का था। जिसके लिये उन्होंने अकादमी में पंजीकरण कराया। अकादमी से मिले प्रशिक्षण, सीखने और मार्गदर्शन से उन्हें ढेर सारी जानकारी मिली और उनमें और अधिक हासिल करने की इच्छा जागृत हुई। आज कुन्दन सिंह जावर ग्रुप ऑफ माइंस में ड्रिल ऑपरेटर के पद पर कार्यरत हैं।

3डी सिमुलेटर पर होता है प्रशिक्षण
हिन्दुस्तान जिंक खनन अकादमी की शुरुआत जून 2022 में भूमिगत मशीनीकृत एवं डिजिटल खदानों में कुशल कर्मचारियों की आवश्यकता को पूरा करने और प्रवासियों पर निर्भरता को कम करने के उद्देश्य से की गई थी। कंपनी का लक्ष्य राष्ट्र के विकास के लिए विदेशी धातुओं पर निर्भरता के साथ-साथ प्रवासी निर्भरता को कम करना है।
हिंदुस्तान जिंक माइनिंग अकादमी कक्षा और व्यावहारिक शिक्षा, व्यावहारिक अनुभव और अनुभवी एक्सपर्ट के मार्गदर्शन से संचालित हैं। अकादमी से सतह और भूमिगत प्रशिक्षण के छह महीने के दौरान, श्रमिक नवाचार कर सकते हैं और कौशल उन्नति के माध्यम से ड्रिल ऑपरेटर बन सकते हैं। पहले चार महीने सतह पर एवं दो महीने एक वरिष्ठ ऑपरेटर की देखरेख में भूमिगत मशीन प्रशिक्षण दिया जाता हैं।
इस कार्यक्रम को विभिन्न प्रावधानों द्वारा और मजबूत किया गया है। जैसे कि 3डी सिमुलेटर, जो एक उच्च तकनीक आभासी वास्तविकता उपकरण है। जिसका उपयोग भारी मशीनरी में ऑपरेटरों को प्रशिक्षित करने के लिए किया जाता है। नियंत्रण परिचय, प्रक्रिया अनुपालन आदि सहित अवधारणाओं के साथ-साथ कौशल के बारे में अपेक्षित प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए सिमुलेटर एक लागत प्रभावी, सुरक्षित और कुशल तरीका साबित हुआ है। ऑन-द-जॉब प्रशिक्षण के प्रमुख तत्वों में से एक ऑपरेटर है शैडोइंग, जिसमें उम्मीदवार वर्तमान जंबो ऑपरेटरों को बारीकी से देखते हैं जहां व्यापक व्यावहारिक अनुभव प्राप्त होता है।


