आय से अधिक संपत्ति का मामला
उदयपुर,एआर लाइव न्यूज। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने Directorate General of Mines Safety (DGMS), उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र, उदयपुर के तत्कालीन Deputy Director General of Mines Safety मनीष एकनाथ मुरकुटे के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के आरोपों में FIR दर्ज की है। | Manish Eknath Murkute CBI case
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि 9 जनवरी 2002 से 18 अप्रैल 2021 के बीच के चेक पीरियड में मुरकुटे ने अपनी ज्ञात वैध आय के स्रोतों से अधिक संपत्ति अर्जित की। CBI के अनुसार, 9 जनवरी 2002 को उनकी संपत्ति करीब ₹10.39 लाख थी, जो 18 अप्रैल 2021 तक बढ़कर करीब ₹2.02 करोड़ हो गई। इस अवधि में अर्जित संपत्ति का मूल्य करीब ₹1.91 करोड़ बताया गया है।
53.53 प्रतिशत संपत्ति वैध आय से अधिक
शिकायत के अनुसार, इस दौरान मुरकुटे की कुल आय ₹2.57 करोड़ और कुल खर्च करीब ₹2.02 करोड़ रहा। संभावित बचत करीब ₹54.10 लाख मानने के बाद संपत्ति और बचत के बीच करीब ₹1.37 करोड़ का अंतर पाया गया। शिकायत में इस राशि को आय से अधिक संपत्ति बताया गया है, जो उनकी कुल आय का 53.53 प्रतिशत बताई गई है।
CBI के अनुसार, 18 अप्रैल 2021 को मुरकुटे के परिसरों पर तलाशी ली गई थी। इस दौरान नकदी तथा आय, संपत्ति और खर्च से संबंधित दस्तावेज बरामद कर जब्त किए गए थे। CBI ने इन दस्तावेजों का विश्लेषण किया।
समय पूर्व ही सेवानिवृत किया जा चुका है मुरकुटे को
मुरकुटे वर्ष 1990 में Western Coalfields Limited में शामिल हुए थे। 9 जनवरी 2002 को DGMS में Deputy Director of Mines Safety के पद पर नियुक्त हुए। वर्ष 2012 में Director of Mines Safety और 13 जनवरी 2020 को Deputy Director General of Mines Safety पद पर पदोन्नत हुए थे।
शिकायत में आरोपों के आधार पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच की जिम्मेदारी Dy. Supdt. of Police अमित कुमार द्विवेदी को सौंपी गई है। उपलब्ध दस्तावेजों के अनुसार, मुरकुटे को मार्च 2025 में केंद्र सरकार के आदेश से सेवा से समयपूर्व सेवानिवृत्त किया गया था।

