हिन्दुस्तान जिंक और बायफ के सहयोग से संचालित कंपनी ने चार साल में छह गुना बढ़ाया कारोबार, ‘गौअम’ ब्रांड से दुग्ध उत्पादों की पहचान
उदयपुर, एआर लाइव न्यूज। किसानों और ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में काम कर रही घाटावाली माताजी किसान उत्पादक कंपनी ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में उल्लेखनीय व्यावसायिक प्रदर्शन दर्ज किया है। हिन्दुस्तान जिंक और बायफ के सहयोग से संचालित कंपनी ने वर्ष 2025-26 में करीब 3.03 करोड़ रुपये का टर्नओवर हासिल किया और 16.02 लाख रुपये का लाभ अर्जित किया। | Ghata wali Mataji Farmer Producer Company Turnover and Profit
कंपनी की वार्षिक आम सभा में शेयरधारकों के समक्ष वित्तीय प्रगति, कारोबार और आगामी कार्ययोजना का विवरण प्रस्तुत किया गया। वर्तमान में कंपनी 1,291 शेयरधारकों के साथ 16 गांवों में गतिविधियां संचालित कर रही है। खास बात यह है कि कंपनी के कुल शेयरधारकों में करीब 70 प्रतिशत महिलाएं हैं।
चार साल में कारोबार छह गुना बढ़ा
बायफ के रीजनल डायरेक्टर सुरेंद्र वरडिया ने कंपनी की विकास यात्रा की जानकारी देते हुए बताया कि पिछले चार वर्षों में कंपनी की व्यावसायिक गतिविधियों में करीब छह गुना वृद्धि हुई है। इसी अवधि में कंपनी के शेयर मूल्य में लगभग तीन गुना वृद्धि दर्ज की गई। उन्होंने इसे किसानों की सामूहिक भागीदारी, बेहतर प्रबंधन तथा हिन्दुस्तान जिंक और बायफ के सहयोग का परिणाम बताया।
‘गौअम’ ब्रांड से बढ़ी बाजार में पहचान
कंपनी द्वारा ‘गौअम’ ब्रांड के तहत पनीर, दही, घी सहित विभिन्न दुग्ध उत्पादों का विपणन किया जा रहा है। गुणवत्ता और बाजार विस्तार पर विशेष ध्यान देते हुए कंपनी किसानों के उत्पादों को संगठित बाजार से जोड़ रही है। ताज ग्रुप के साथ व्यावसायिक जुड़ाव से भी कंपनी को नए बाजार और कारोबारी अवसर मिल रहे हैं।
अगले साल 3.78 करोड़ टर्नओवर का लक्ष्य
कंपनी ने आगामी वित्तीय वर्ष के लिए 3.78 करोड़ रुपये के टर्नओवर का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसके तहत ‘गौअम’ उत्पादों का बाजार विस्तार, नए बाजारों से जुड़ाव और किसानों की भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा।
कार्यक्रम में कृषि विभाग के ज्वाइंट डायरेक्टर सुधीर वर्मा, असिस्टेंट डायरेक्टर सीमा झगड़ावत, बायफ रीजनल डायरेक्टर सुरेंद्र वरडिया, देबारी सीएसआर हेड रुचिका चावला, बायफ स्टेट हेड पवन पाटीदार, कंपनी के बोर्ड सदस्य और बड़ी संख्या में शेयरधारक मौजूद रहे।

