भजनलाल कैबिनेट के फ़ैसले 2026
जयपुर,एआर लाइव न्यूज। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में शुक्रवार को मुख्यमंत्री कार्यालय में हुई मंत्रिमंडल एवं मंत्रिपरिषद की बैठक में पंचायत राज एवं नगरीय निकाय चुनाव, OBC आरक्षण, कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण, फूड पार्क, श्रम सुधार, पर्यावरण संरक्षण, अक्षय ऊर्जा और ग्रामीण रोजगार से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। | Rajasthan Cabinet Decisions 2026
बैठक में ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ की अवधारणा के तहत पंचायत राज एवं स्थानीय निकाय चुनाव कराने का निर्णय लिया गया। साथ ही राजस्थान कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण नीति-2026, राजस्थान फूड पार्क विकास नीति-2026 और ट्री आउटसाइड फॉरेस्ट पॉलिसी को मंजूरी दी गई। मजदूरी संहिता (राजस्थान) नियम, 2026 के तहत काम के घंटे, न्यूनतम मजदूरी और महंगाई भत्ते को लेकर भी नए प्रावधान किए गए हैं। | Rajasthan Cabinet Decisions OBC Quota, One State-One Election
राजस्थान कैबिनेट के प्रमुख फैसले एक नजर में : Rajasthan Cabinet Decisions 2026
- पंचायत राज एवं नगरीय निकाय चुनाव ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ की अवधारणा पर होंगे।
- OBC राजनीतिक प्रतिनिधित्व आयोग की सिफारिशें स्वीकार की गईं।
- पंचायत राज एवं स्थानीय निकाय चुनाव में OBC आरक्षण का रास्ता साफ हुआ।
- आरक्षित सीटों के लिए अब लॉटरी प्रक्रिया शुरू होगी।
- कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण नीति-2026 को मंजूरी।
- फूड पार्क विकास नीति-2026 का अनुमोदन।
- प्रत्येक जिले में क्लस्टर आधारित फूड पार्क विकसित करने की योजना।
- मजदूरी संहिता (राजस्थान) नियम, 2026 को मंजूरी।
- सप्ताह में 48 घंटे कार्य निर्धारित।
- महंगाई भत्ता साल में दो बार, 1 अप्रैल और 1 अक्टूबर को संशोधित होगा।
- ट्री आउटसाइड फॉरेस्ट पॉलिसी को मंजूरी।
- अक्षय ऊर्जा परियोजनाओं में आवंटित भूमि का 10 प्रतिशत वृक्षारोपण के लिए आरक्षित होगा।
- विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) योजना में 125 दिन के रोजगार की वैधानिक गारंटी।
- राजस्थान सरकारी कर्मचारी बीमा नियम, 1998 में संशोधन।
- 922 मेगावाट की तीन सौर ऊर्जा परियोजनाओं के लिए भूमि आवंटन को मंजूरी।
राजस्थान कैबिनेट के फ़ैसले 2026
वन स्टेट-वन इलेक्शन: पंचायत और निकाय चुनाव एक साथ कराने की तैयारी
आगामी पंचायत राज एवं स्थानीय निकाय चुनाव ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ की अवधारणा के तहत कराने का निर्णय लिया गया है। सरकार का तर्क है कि अलग-अलग समय पर चुनाव होने से विकास कार्यों की गति प्रभावित होती है। एक साथ चुनाव कराने से धन, श्रम और समय की बचत के साथ विकास कार्यों को लगातार आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी। |
Rajasthan Cabinet Decisions
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने वर्ष 2024-25 के बजट में नगरीय निकाय और पंचायतीराज संस्थाओं के चुनाव ‘वन स्टेट-वन इलेक्शन’ की अवधारणा पर कराने की घोषणा की थी। | Rajasthan Cabinet Decisions 2026
OBC आरक्षण के लिए लॉटरी प्रक्रिया होगी शुरू
राज्य अन्य पिछड़ा वर्ग (राजनीतिक प्रतिनिधित्व) आयोग की सिफारिशें 5 अगस्त 2026 को राज्य सरकार को प्राप्त हुई थीं। मंत्रिमंडल ने इन सिफारिशों को स्वीकार कर लिया है।
इसके बाद नगरीय निकाय एवं पंचायतीराज अधिनियम में SC, ST के साथ OBC आरक्षण का प्रावधान किए जाने का रास्ता साफ हो गया है। अनुमोदन के बाद अब आरक्षित सीटों के निर्धारण के लिए लॉटरी प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
राजस्थान कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण नीति-2026 को मंजूरी
राज्य सरकार ने कृषि और बागवानी क्षेत्र में निवेश बढ़ाने तथा किसानों की आय में वृद्धि के उद्देश्य से राजस्थान कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण नीति-2026 को मंजूरी दी है। इस नीति का मुख्य उद्देश्य कृषि उपज का मूल्य संवर्धन, ग्रामीण क्षेत्रों में उद्यमिता को बढ़ावा देना, कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों का विस्तार, सप्लाई चेन को मजबूत करना और प्रोसेस्ड एग्रो उत्पादों के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध कराना है।
नीति के दायरे में फल-सब्जी, मसाले, अनाज, तिलहन, दलहन, औषधीय उत्पाद, लघु वन उपज, शहद, दुग्ध एवं पशु आहार इकाइयां शामिल होंगी। इसके अलावा साइलोज और कोल्ड स्टोरेज जैसी आधारभूत सुविधाओं को भी प्रोत्साहन मिलेगा।
कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को कितना अनुदान मिलेगा?
सरकार के अनुसार:
- 50 लाख रुपये तक के ऋण पर 60 प्रतिशत पूंजीगत अनुदान।
- 50 लाख से 1 करोड़ रुपये तक के ऋण पर 50 प्रतिशत पूंजीगत अनुदान।
- 1 करोड़ रुपये से अधिक के ऋण पर 40 प्रतिशत पूंजीगत अनुदान।
- अधिकतम पूंजीगत अनुदान 1.50 करोड़ रुपये तक होगा।
- FPO, TSP क्षेत्र, SC, ST और महिला उद्यमियों के लिए अतिरिक्त 5 प्रतिशत पूंजीगत अनुदान का प्रावधान है।
कोल्ड स्टोरेज, साइलोज और निर्यात संबंधी अनुदान राजस्थान निवेश प्रोत्साहन नीति-2024 के प्रावधानों के अनुसार दिया जाएगा।
राजस्थान फूड पार्क विकास नीति-2026: हर जिले में क्लस्टर आधारित फूड पार्क
मंत्रिमंडल ने राजस्थान फूड पार्क विकास नीति-2026 को भी मंजूरी दी है। इसका उद्देश्य कृषि जिन्सों के प्रसंस्करण, व्यापार और निर्यात को बढ़ावा देना है। नई नीति के तहत प्रदेश के प्रत्येक जिले में चरणबद्ध तरीके से क्लस्टर आधारित फूड पार्क विकसित किए जाएंगे।
इन फूड पार्कों में खाद्य उत्पादों के संरक्षण, भंडारण, प्रसंस्करण और परिवहन के लिए एकीकृत सुविधाएं विकसित की जाएंगी। किसानों और उत्पादक समूहों को मजबूत सप्लाई चेन के जरिए प्रसंस्करण इकाइयों और बाजारों से जोड़ा जाएगा। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।
फूड पार्कों की स्थापना को भूमि स्वामित्व और विकास संबंधी मानदंडों के आधार पर चार श्रेणियों में वर्गीकृत किया गया है। Rising Rajasthan Global Investment Summit-2024 के तहत फूड पार्क के लिए MOU धारकों तथा प्रस्तावित फूड पार्क में कम से कम 10 करोड़ रुपये के निवेश वाली एंकर फूड प्रोसेसिंग यूनिट स्थापित करने वाले विकासकर्ताओं को प्राथमिकता दी जाएगी।
मजदूरी संहिता (राजस्थान) नियम-2026: 48 घंटे का कार्य सप्ताह
राजस्थान मंत्रिमंडल ने मजदूरी संहिता (राजस्थान) नियम, 2026 जारी करने की मंजूरी दी है। इन नियमों का उद्देश्य न्यूनतम मजदूरी, कार्य के घंटे और श्रमिकों के अधिकारों को अधिक पारदर्शी बनाना है। न्यूनतम वेतन निर्धारित करने के लिए वैज्ञानिक फॉर्मूला और कौशल आधारित वर्गीकरण अपनाया जाएगा। | Rajasthan Cabinet Decisions 2026
महंगाई भत्ता साल में दो बार बढ़ेगा
नए नियमों के तहत महंगाई भत्ते को उपभोक्ता मूल्य सूचकांक से जोड़ा गया है। इसमें संशोधन हर साल 1 अप्रैल व 1 अक्टूबर को किया जाएगा। इस व्यवस्था का उद्देश्य महंगाई बढ़ने के साथ श्रमिकों के वेतन में संतुलन बनाए रखना है।
सप्ताह में कितने घंटे काम करना होगा?
नियमों के अनुसार सप्ताह में 48 घंटे कार्य निर्धारित किए गए हैं। छह दिवसीय कार्य सप्ताह में विश्राम अंतराल सहित अधिकतम 10.5 घंटे प्रतिदिन कार्य अवधि होगी और सातवां दिन सवैतनिक अवकाश रहेगा। लगातार पांच घंटे काम करने के बाद कम से कम आधे घंटे के विश्राम का प्रावधान किया गया है।
अवकाश के दिन काम करने पर ओवरटाइम दर से भुगतान किया जाएगा। नियोक्ताओं के लिए वेतन पर्ची देना अनिवार्य होगा तथा वेतन से होने वाली कानूनी कटौतियों और डिजिटल रजिस्टर से जुड़े प्रावधान भी स्पष्ट किए गए हैं।
राजस्थान औद्योगिक संबंध नियम-2026 को मंजूरी
राज्य में श्रम अनुपालन और औद्योगिक विवादों को सरल बनाने के लिए राजस्थान औद्योगिक संबंध नियम, 2026 को मंजूरी दी गई है। नए नियमों के तहत:
श्रम अनुपालन और विवाद संबंधी शिकायतें ऑनलाइन पोर्टल पर लाई जाएंगी। औद्योगिक विवादों के समाधान के लिए समय-सीमा निर्धारित होगी। बातचीत करने वाली यूनियनों के निष्पक्ष चुनाव के लिए गुप्त मतदान प्रणाली अनिवार्य होगी। कार्यस्थल शिकायत निवारण और कार्य समितियों के गठन के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश होंगे।
कर्मचारियों की छंटनी और फैक्ट्री बंद करने की कानूनी प्रक्रिया को सरल और पारदर्शी बनाया जाएगा।
ट्री आउटसाइड फॉरेस्ट पॉलिसी को मंजूरी
राजस्थान में वन क्षेत्र के बाहर हरित क्षेत्र बढ़ाने के लिए ट्री आउटसाइड फॉरेस्ट पॉलिसी लागू करने को मंजूरी दी गई है। सरकार के अनुसार ‘मिशन हरियालो राजस्थान’ के तहत पांच वर्षों में 50 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। लगभग दो वर्षों में करीब 20 करोड़ पौधे लगाए जा चुके हैं और वर्तमान मानसून सीजन में 10 करोड़ पौधे लगाने का लक्ष्य है।
नई नीति के तहत बंजर और परती भूमि के साथ रेलवे, सड़क के आसपास की भूमि तथा सिंचित क्षेत्रों में वृक्षावरण बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा। इससे जैव विविधता संरक्षण, जल संचयन, भू-क्षरण रोकने, कार्बन अवशोषण और रोजगार सृजन में मदद मिलने की उम्मीद है।
सरकारी कर्मचारियों के बीमा नियमों में बदलाव
राज्य सरकार ने राजस्थान सरकारी कर्मचारी बीमा नियम] 1998 में संशोधन को मंजूरी दी है। यह संशोधन 1 अप्रैल 2026 से प्रभावी होगा। नई व्यवस्था के तहत कर्मचारी को सेवानिवृत्ति की वास्तविक तारीख तक लगातार बीमा कवरेज मिलेगा। इससे उस स्थिति को समाप्त किया जाएगा जिसमें वित्तीय वर्ष में सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारी की बीमा पॉलिसी 1 अप्रैल को ही मैच्योर हो जाती थी।
श्रीअन्न प्रमोशन एजेंसी की स्थापना
राजस्थान में मिलेट्स यानी श्रीअन्न को बढ़ावा देने के लिए श्रीअन्न प्रमोशन एजेंसी की स्थापना की जाएगी। सरकार कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों, श्रीअन्न इकाइयों और प्राथमिक प्रसंस्करण इकाइयों को वित्तीय प्रोत्साहन देने की दिशा में काम करेगी।
अन्य कई निर्णय भी लिए गए
कैबिनेट बैठक में अक्षय ऊर्जा, सौर एवं पवन ऊर्जा परियोजनाओं, राजस्थान एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति-2024 में संशोधन,पावर इवैक्यूएशन की अधिकतम समय सीमा, विकसित भारत जी राम जी योजना में 125 दिन रोजगार की गारंटी,जल संरक्षण, पचपदरा की 198 नमक खानों के विस्थापन, जैसलमेर में दो सीमेंट प्लांट के लिए औद्योगिक भूमि आवंटन को लेकर भी निर्णय लिए गए।
डिसक्लेमर: एआर लाइव न्यूज (AR Live News) से मिलते-जुलते नामों से रहें सावधान, उनका एआर लाइव न्यूज से कोई संबंध नहीं है। एआर लाइव न्यूज के संबंध में कोई भी बात करने के लिए पत्रकार लकी जैन (9887071584) और पत्रकार देवेन्द्र शर्मा (9672982063) ही अधिकृत हैं।


