AR Live News
Advertisement
  • Home
  • About us
  • National
  • Rajasthan
  • Udaipur
  • Uttar Predesh
  • Gujarat (Hindi)
  • International
  • Expert Articles
  • Education
  • Entertainment
  • Youtube
  • Photo Gallery
  • Contact us
No Result
View All Result
  • Home
  • About us
  • National
  • Rajasthan
  • Udaipur
  • Uttar Predesh
  • Gujarat (Hindi)
  • International
  • Expert Articles
  • Education
  • Entertainment
  • Youtube
  • Photo Gallery
  • Contact us
No Result
View All Result
AR Live News
No Result
View All Result
Home Rajasthan

प्रदूषण रोकने में नाकाम अलवर को एनसीपी ने सूचीबद्ध किया

Lucky Jain by Lucky Jain
February 29, 2024
Reading Time: 1 min read
ncap listed alwar for air pollution


Share on FacebookShare on TwitterShare on Whatsapp
  • सीएसई ने अलवर में वायु प्रदूषण के कारणों पर की स्टडी
  • सीएसई और राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने वायु गुणवत्ता में सुधार लाने के संबंध में कार्यशाला की

अलवर,(एआर लाइव न्यूज)। अलवर में खनिज व पत्थर आधारित कई उद्योग हैं, जिनमें से बहुत सारे उद्योगों के चलते जिले में वायु प्रदूषण फैल रहा है। उच्च वायु प्रदूषण स्तर के चलते राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम (एनसीएपी) ने अलवर को प्रदूषण नियंत्रण संबंधी लक्ष्यों को प्राप्त न कर पाने वाले शहर में सूचीबद्ध किया है। (ncap listed alwar for air pollution)

अलवर की हवा को साफ करने के लिए रोडमैप तैयार करने को लेकर प्रदूषण नियंत्रण मंडल और सेंटर फॉर साइंस एंड एनवायरमेंट सीएसई ने संयुक्त रूप से इम्प्रूविंग एनवायरमेंटल परफॉर्मेंस ऑफ इंडस्ट्रीज इन अलवर नाम से एक कार्यशाला आयोजित की है। सीएसई ने इन उद्योगों से होने वाले अनैच्छिक उत्सर्जन, औद्योगिक कूड़ा डंपिंग और उन्हें जलाने को जिले में वायु प्रदूषण के उत्प्रेरक के रूप में चिन्हित किया है। सीएसई ने अलवर की हवा को साफ करने के लिए रोडमैप तैयार करने का प्रस्ताव भी दिया है। कार्यशाला में आरएसपीसीबी, औद्योगिक विकास व निवेश निगम, जिला उद्योग केंद्र, उद्योग, कंसल्टेंसी और औद्योगिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने शिरकत की।

1200 में से 1050 उद्योग अनैच्छिक उत्सर्जन के लिए जिम्मेदार

कार्यशाला में बताया गया कि वायु प्रदूषण फैलाने वाले कुल 1200 उद्योगों में से 1050 उद्योग अनैच्छिक उत्सर्जन करने के लिए जिम्मेदार हैं। 142 चिमनी आधारित उद्योगों में ईंधन की खपत होती है। अनैच्छिक उत्सर्जन के लिए जिम्मेवार उद्योगों में से 300 इकाइयां खनिज घर्षण वाली और 45 स्टोन क्रशर हैं। सीएसई के औद्योगिक प्रदूषण के कार्यक्रम निदेशक निवित यादव ने कहा उत्सर्जन कम करने के लिए इन उद्योगों को कठोर पर्यावरण दिशानिर्देशों का पालन करने की जरूरत है।

सीएसई की औद्योगिक प्रदूषण इकाई की उप कार्यक्रम प्रबंधक श्रेया वर्मा ने औद्योगिक कूड़ा प्रबंधन के लिए बुनियादी ढांचे की गैरमौजूदगी पर सभी का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने कहा औद्योगिक कूड़े को औद्योगिक क्षेत्रों में खुले में फेंका जाता है और उन्हें जला दिया जाता है, जिससे अलवर में वायु प्रदूषण का स्तर और खराब हो जाता है। ऐसे में इस वक्त औद्योगिक कूड़ा प्रबंधन के लिए पर्याप्त बुनियादी ढांचा तैयार करना बहुत जरूरी हो गया है।

Tags: air pollution in alwaralwaralwar newsar live newsCentre for Science and EnvironmentCSECSE new assessment identifies main causes of air pollution in Alwarlatest news in hindincap listed alwar for air pollutionRajasthanrajasthan news

visitors

arlivenews
  • Home
  • About us
  • National
  • Rajasthan
  • Udaipur
  • International
  • Expert Articles
  • photo gallery
  • Entertainment
  • Privacy Policy
  • Archives
  • Contact us

© 2019 All Rights Reserved by ARLive News .

error: Copy content not allowed
No Result
View All Result
  • Home
  • About us
  • National
  • Rajasthan
  • Udaipur
  • Uttar Predesh
  • Gujarat (Hindi)
  • International
  • Expert Articles
  • Education
  • Entertainment
  • Youtube
  • Photo Gallery
  • Contact us

© 2019 All Rights Reserved by ARLive News .