उदयपुर संभाग से 25 सितंबर से मानसून विदाई का अनुमान
उदयपुर(एआर लाइव न्यूज)। राजस्थान के जोधपुर व बीकानेर संभाग के कुछ भागों से मंगलवार को मानसून की विदाई शुरू हो गई है। हालांकि मेवाड़ में 24 सितंबर तक हल्की से मध्यम बारिश का दौर चल सकता है। उदयपुर सहित मेवाड़ में मंगलवार को दोपहर बाद तेज हवाएं चली और कुछ जगह बारिश भी हुई।
मौसम विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून की आज मंगलवार को दक्षिण-पश्चिम राजस्थान और कछ से सटे कुछ हिस्सों से वापसी शुरू हो गई हैं। मौसम विभाग ने जो अनुमान लगाया था उसके हिसाब से दक्षिण-पश्चिम राजस्थान से तीन दिन देरी से मानसून विदा हुआ है। वर्तमान मेंं मानसून की वापसी की रेखा खाजूवाला, बीकानेर,जोधपुर और नलिया से होकर गुजर रही है। उदयपुर संभाग में 24 सितंबर तक हल्की से मध्यम बारिश का दौर चल सकता है और 25 सितंबर को उदयपुर संभाग से मानसून विदा हो सकता है।
जयसमंद झील 7 सेंटीमीटर ही खाली
कैचमेंट के नदी नालों से पानी की आवक बनी रहने से विश्व विख्यात जयसमंद झील के भी छलकने की उम्मीदें बढ़ती जा रही हैं। जयसमंद का जलस्तर 8.38 मीटर के मुकाबले मंगलवार को 8.31 पर पहुंच चुका है और अब यह झील 7 सेंटीमीटर ही खाली है। भराव क्षमता के मुकाबले जयसमंद 99 फिसदी भर चुका है। बीती रात उदयपुर जिले के अलसीगढ़ और झाड़ोल क्षेत्र में जबकि भीलवाड़ा के शाहपुरा मेंं आधा-आधा इंच बारिश हुई। कोटड़ा, प्रतापगढ़ के नागलिया में हल्की बारिश हुई।

बंगाल की खाड़ी व उड़ीसा में बना नया सिस्टम : मेवाड़ में भी दिख सकता असर
मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी व उड़ीसा के तट पर एक और कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। इसके असर से आगामी चार-पांच दिन पूर्वी राजस्थान के उदयपुर, भरतपुर, जयपुर व कोटा संभाग में मेघगर्जन के साथ हल्के से मध्यम बारिश हो सकती है। 22 और 23 सितंबर को भरतपुर व कोटा संभाग के जिलों में एक दो स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना भी है।
मानसून ने 30 जून को राजस्थान में किया था प्रवेश
इस साल 30 जून को कोटा-भरतपुर संभाग के रास्ते मानसून का राजस्थान मेंप्रवेश हुआ था और 1 जुलाई को मेवाड़ में पहुंचा। इस पूरे सीजन में उदयपुर संभाग में सबसे ज्यादा 1708 मिलीमीटर बारिश जयसमंद क्षेत्र में हुई है। शुरूआती दौर में मानसून कमजोर रहा, लेकिन बाद के दौर में अच्छी बारिश होने से कई झीलें, बांध और तालाब छलक गए।



