उदयपुर(एआर लाइव न्यूज़)। शिल्पग्राम उत्सव मेें सोमवार को भी शिल्प प्रेमियों की काफी चहल पहल बनी रहीं। धीरे धीरे शिल्प कला का यह महोत्सव परवान पर भी हैं।
सातवें दिन सोमवार को मुख्य रंगमंच पर लोगों को जयपुर का तमाशा देखने को मिला जबकि शाम को गोवा के कलाकारों की प्रस्तुति खूब पसंद आयी। दोपहर में मुक्ताकाशी रंगमंच पर जयपुर के कलाकार दिलीप भट्ट ने उनके पिता गोपी जी भट्ट के अंदाज में राजा भ्रतर्हरि की कथा का शानदार प्रस्तुतिकरण दिया।
रंगोली में जया और माण्डणा में शुभिका ने बाजी मारी

पश्चिम क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र की निदेशक किरण सोनी गुप्ता की देखरेख में हुई रंगोली प्रतियोगिता में जया महाजन जबकि माण्डणा में शुभिका कश्यप ने बाजी मारी। रंगोली प्रतियोगिता में लक्षिता चौबीसा द्वितीय व भवानी सिंह राठौड़ तृतीय स्थान पर रहे। माण्डणा में निर्मला मेघवाल द्वितीय व अर्चना छाजेड़ तृतीय रहीं। निणार्यक डॉ. मदन सिंह राठौड़, डाॅ. रामसिंह भाटी व शाहिद परवेज़ थे।
स्टालों पर बढ़ने लगी खरीददारी

शिल्पग्राम में एक तरफ कला प्रेमी विभिन्न प्रदेशों के कलाकारों की प्रस्तुतियां देखने का लुत्फ उठाते नजर आ रहे हैं। दूसरी तरफ लोग स्टालों पर अपनी अपनी पसंद की सामग्री भी खूब खरीद रहे हैं। सोमवार को मिट्टी की बनी कलात्मक वस्तुओं, बेंत की सजावटी वस्तुएं, असम के शुष्क पुष्प व वूलन कारपेट की खरीददारी भी लोगों ने खूब की। हाट बाजार में धीरे धीरे खरीदारों की भीड़ नजर आने लगी हैं।


