जयपुर,(ARLive news)। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो उदयपुर की टीम ने गुरुवार को आबूरोड सदर थाने के हेड कांस्टेबल मोतीलाल को 4 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी हेडकांस्टेबल मोतीलाल ने गांव में हुई भैंस चोरी के मामले में समझौता करवाने की एवज में 8500 रूपए रिश्वत मांगी थी और इसमें 4500 रूपए वह पहले ही प्राप्त कर चुका था।
एडि.एसपी उमेश ओझा ने बताया कि वेलांगरी फली मुदरला आबूरोड निवासी परिवादी नैनमल गरासिया ने आबूरोड सदर थाने के हेडकांस्टेबल के खिलाफ रिश्वत मांगे जाने की शिकायत दर्ज करवायी थी। शिकायत में उसने बताया कि उसके भाई और पिताजी की 4 भैंस चोरी हो गयी, इस पर उसके भाई दिनेश गरासिया ने सदर थाना आबूरोड में एफआईआर दर्ज करवायी थी। इस मामले की जांच हेडकांस्टेबल मोतीलाल कर रहे हैं। भैंसें गांव में ही चोरी हुई थीं, तो मामले में समझौता करवाने की एवज में हेडकांस्टेबल ने 10 हजार रूपए की रिश्वत मांगी है और परिवादी के काफी निवेदन करने पर हेडकांस्टेबल 8500 रूपए में तैयार हुए हैं।
एसीबी ने शिकायत का 9 जून को सत्यापन किया, तो इस दौरान हेडकांस्टेबल मोतीलाल ने परिवादी नैनमल गरासिया से 4500 रूपए ले लिए और बचे हुए 4000 की मांग की। हेडकांस्टेबल मोतीलाल ने आज गुरूवार को परिवादी नैनमल को 4000 रूपए रिश्वत राशि लेकर सदर थाना आबुरोड ही बुला लिया। हेडकांस्टेबल ने थाने पर जैसे ही परिवादी से रिश्वत के 4000 रूपए लिए, एसीबी टीम ने छापा मारकर उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
एसीबी डीएसपी राजेन्द्र मीना, हेडकांस्टेबल रमेश चन्द्र, मुनीर मोहम्मद, कांस्टेबल राजेश, कनिष्ठ सहायक दलपत सिंह और लक्ष्मण सिंह की टीम ने यह कार्यवाही की है।


