उदयपुर,(ARLive news)। दक्षिण राजस्थान में पर्यावरण, पक्षियों, नम भूमि एवं जैव विविधता संरक्षण के लिए नवगठित ग्रीन पीपल सोसायटी ने गोद लिए गए नांदेशमा गांव के सुथार मादड़ा तालाब में सोमवार को मत्स्य बीज डाले गये। इससे तालाब में मत्स्य संवर्धन होगा, तालाब स्वच्छ रखेंगे।
सोसायटी के अध्यक्ष राहुल भटनागर ने बताया कि सोमवार को सोसायटी के सदस्यों ने जयसमंद फिश सीड फॉर्म से लाए गये मृगल व रोहु प्रजाति के 50 हजार मत्स्य बीज इस तालाब में डाले। उन्होंने बताया कि ये दोनों प्रजातियों की मछलियां तालाब को स्वच्छ करने के साथ ही जैव विविधता संरक्षण की दृष्टि से उपयोगी साबित होंगी। वहीं ये मछलियां पक्षियों को भी आकर्षित करेंगी। सोसायटी सदस्यों के साथ ग्रामीणों ने भी उत्साह के साथ हजारों की संख्या में मत्स्य बीजों को यहां छोड़ा और इस तालाब के संरक्षण-संवर्धन की शपथ ली। यह मत्स्य बीज महेन्द्रसिंह खिची ने उपलब्ध करवाये।
11 सदस्यीय वन सुरक्षा समिति गठित की गई
तालाब में डाली गई मछलियों एवं पक्षियों के संवर्द्धन व संरक्षण के साथ यहां मत्स्य संवर्धन को बढ़ावा देने के संबंध में वन विभाग के एसीएफ डी.के.तिवारी की अध्यक्षता में सोसायटी सदस्यों एवं ग्रामवासियों की बैठक आयोजित हुई। बैठक के दौरान स्थानीय लोगों की 11 सदस्यीय वन सुरक्षा समिति गठित की गई, जिसमें महिला समेत सभी वर्गों को स्थान दिया गया।
इस बैठक में सोसायटी सदस्य सोहेल मजबूर, वी.एस.राणा. प्रतापसिंह चुण्डावत, डॉ. सतीश शर्मा, इस्माइल अली, विनद दवे सहित गांव के भगवानलाल पालीवाल, शंकर लाल पालीवाल, कमलेश पालीवाल, फतहलाल पालीवाल, देवीलाल प्रजापत, अशोक प्रजापत व मोहन प्रजापत आदि उपस्थित थे। अंत में सायरा के आरएफओ मानवेन्द्र सिंह ने आभार जताया।


