उदयपुर,(ARLive news)। पांच महीने पहले 11 हजार रूपए की रिश्वत लेता गिरफ्तार हुआ गोगुंदा थाने का हेडकांस्टेबल मालीराम भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की जांच में करोड़पति निकला है। 2 करोड़ 66 लाख रूपए से अधिक संपत्ति होने पर एसीबी ने हेडकांस्टेबल मालीराम के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का मामला भी दर्ज कर लिया है।
एसीबी ने 6 सितंबर 2019 को गोगुंदा थाने के हेडकांस्टेबल मालीराम को 11 हजार रूपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था। मालीराम के क्वार्टर की तलाशी में भूखंड दस्तावेज और बैंक की पासबुक बरामद हुई थीं। इन दस्तावेजों की जांच की गयी तो मालीराम की 2 करोड़ 66 लाख 12 हजार 168 रूपए की आय से अधिक संपत्ति पायी गयी है, जिस पर एसीबी ने मामला दर्ज कर लिया है।
एसीबी से प्राप्त जानकारी के अनुसार हेडकांस्टेबल के रूपसागर पानी की टंकी के पास बने रिहायशी मकान की तलाशी में भूखंड के दस्तावेज मिले, जिसकी डीएलसी दर के अनुसार 2,56,54281 रूपए कीमत है। हेडकांस्टेबल ने अपने इस मकान को बनवाने में करीब 30 लाख रूपए खर्च किए थे। इसके अतिरिक्त उसके घर में उपलब्ध सामान और बैंक में जमा राशि कुल मिलाकर हेडकांस्टेबल मालीराम की 2 करोड़ 89 लाख 42 हजार 395 रूपए की संपत्ति पायी गयी।
हेडकांस्टेबल मालीराम 2001 में बतौर कांस्टेबल पुलिस विभाग में भर्ती हुआ था। भर्ती से ट्रेप होने की तारीख 6 सितंबर 2019 तक वह 42 लाख 28 हजार 24 रूपए बतौर वेतन प्राप्त कर चुका था। इसके अनुसार एसीबी ने हेडकांस्टेबल मालीराम की 2 करोड़ 66 लाख 12 हजार 168 रूपए की संपत्ति को आय से अधिक माना है और मामला दर्ज कर अग्रिम जांच शुरू की है।


