उदयपुर,(ARLive news)। उदयपुर नगर निगम को नए उपमहापौर भी मिल गए हैं। वार्ड 51 से पार्षद पारस सिंघवी को उपमहपौर चुना गया है। आज 70 पार्षदों ने उपमहापौर पद के लिए वोटिंग की। इसमें उपमहापौर पद के लिए भाजपा प्रत्याशी पारस सिंघवी को 46 और कांग्रेस प्रत्याशी वार्ड 6 से पार्षद शंकर चंदेल को 21 वोट मिले। वहीं आज भी 3 पार्षदों ने वोटिंग नहीं की है।
46 वोट मिलने पर पारस सिंघवी उपमहापौर बन गए हैं। खासबात है कि एक दिन पहले महापौर गोविंद सिंह टांक को भी पार्षदों के 46 वोट मिले थे, जबकि बोर्ड में भाजपा के 44 पार्षद जीतकर आए हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि दो वोट निर्दलीय पार्षदों के महापौर और उपमहापौर को मिले हैं।
पारस सिंघवी पिछले चार बोर्ड से लगातार पार्षद बनते आ रहे हैं, वे इस बाद महापौर पद के दावेदार भी थे, लेकिन उदयपुर सीट ओबीसी आरक्षित होने से उनकी महापौर पद की दावेदारी तो खत्म हो गयी थी। ऐसे में मेवाड़ में भाजपा के सिरमौर गुलाब चंद कटारिया ने उन्हें उपमहापौर बनाकर उन्हें ये तोहफा दिया है।
पारस सिंघवी ने बताया कि बतौर उपमहापौर उनकी शहर की सड़कों को ठीक करवाना प्राथमिकता होगी। पिछले बोर्ड में जो विकास कार्य शुरू हुए, ठेकेदार की लापरवाही से वे समयसीमा में पूरे नहीं हुए, इससे शहरवासियों को भारी परेशानी उठानी पड़ी। ऐसे में शहर की सड़कों को ठीक करना ही पहली प्राथमिकता होगी। पारस सिंघवी उदयपुर चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष हैं और व्यापारियों में उनकी अच्छी छवि है।


