नई दिल्ली,(ARLive news)। नए यातायात नियम आमजन पर कहर बनकर टूट रहे है। यातायात पुलिस ने बुधवार को एक ट्रक ड्राइवर का 59 हजार रुपए का चालान काटा। ट्रक ड्राइवर ने 10 ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन किया था। एक दूसरे मामले में ऑटो रिक्शा चालक पर 32 हजार 500 रुपए का जुर्माना लगाया गया था। वह वाहन के कागज घर भूल आया था। मोटर वाहन (संशोधन) बिल-2019 के नियमों के लागू होने के बाद बड़ी राशि के जुर्माने के मामले लगातार सामने आ रहे हैं।
इससे पहले सोमवार को गुड़गांव पुलिस ने ही ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के लिए एक स्कूटी चालक का 23 हजार रुपए का चालान काटा था। वहीं हरियाणा के ही बहादुरगढ़ में एक बाइक सवार को भी 22 हजार रुपए का चालन थमा दिया। इसी तरह का मामला कैथल जिले में सामने आया। यहां एक स्कूटी चालक का लाइसेंस, आरसी, मोबाइल फोन इस्तेमाल करने और हेलमेट न पहनने पर 16 हजार रुपए का चालान कर दिया गया।
ऑटो रिक्शा चालक मो. मुश्तकिल ने बताया कि मंगलवार को सेक्टर-26 में पुलिसकर्मी ने रेड लाइट जंप करने की आरोप में उसे रोक लिया। पुलिस वाले ने उससे ऑटो रिक्शा के कागज मांगे। लेकिन, उस वक्त उसके पास कागज नहीं थे। वह कागज घर पर भूल आया था। मुश्तकिल ने दावा किया कि उसने पुलिसकर्मी को 10 मिनट में सारे कागज लेकर आने की बात कही, लेकिन उन्होंने नहीं सुनी। मुश्तकिल पश्चिम बंगाल का रहने वाला है और गुड़गांव में पिछले 15 साल से रह रहा है।
सारे नियम तोड़ चला रहा था ट्रक
पुलिस ने बताया कि ट्रक ड्राइवर के पास ड्राइविंग लाइसेंस, रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट नहीं था। ट्रांसपोर्ट वाहन के पास फिटनेस प्रमाणपत्र नहीं था, थर्ड पार्टी का इंश्योरेंस और प्रदूषण सर्टिफिकेट भी नहीं था। वाहन में खतरनाक माल को ट्रांसपोर्ट किया जा रहा था। ड्राइविंग भी खतरनाक थी। ड्राइवर ने पुलिस का ऑर्डर नहीं माना, ट्रैफिक सिग्नल को भी नहीं माना और पीली लाइट का उल्लंघन किया।
सबसे ज्यादा असर भाजपा शासित प्रदेशों पर होने की संभावना
केन्द्र सरकार ने नियमों में संशोधन कर सभी राज्यों को इसे लागे करने के लिए कहा है। चूंकि भाजपा शासित प्रदेश केन्द्र सरकार की बात को टाल नहीं सकते हैं, तो राज्य में इसे लागू करने से पहले इसमें संशोधन पर विचार नहीं करेंगे। ऐसे में कयास लगाए जा रहे हैं कि बड़े जुर्माने का कहर भाजपा शासित प्रदेशों पर सबसे ज्यादा टूटेगा। वहीं कांग्रेस शासित या अन्य किसी पार्टी की सरकार जिस राज्य राज्य में है, वे कुछ नियमों में संशोधन कर सकते हैं। जैसे राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक हलोत ने कहा है कि वे केन्द्र सरकार द्वारा संशोधित यातायात नियमों के उल्लंघन पर जुर्माने के कुछ सेक्शन में संशाधेन कर इसके लागू करेंगे। ताकि आमजनता जागरूक हो, पर परेशान न हो। वहीं यातायात नियमों के उल्लंघन में जो गंभीर कृत्य होंगे, उनमें जुर्माने की राशि केन्द्र सरकार के अनुरूप रखी जाएगी।


