
पुलिस ने बताया कि रजानगर, किशनपोल निवासी सद्दाम उर्फ कांदा (24) पुत्र इस्माइल खान की हत्या हुई है। सद्दाम हिस्ट्रीशीटर था और इसके खिलाफ 17 मुकदमें दर्ज हैं। कुछ समय पहले ही सद्दाम जेल से बाहर आया था। सद्दाम के साथ मौके पर मौजूद उसके दोस्त जावेद ने गोली मारने वाले की पहचान पड़ोसी युवक नासिर उर्फ नोलिया पुत्र साजिद के नाम से की है। मृतक सद्दाम के शरीर पर गोली के 6 छेद है, ऐसे पुलिस मान रही है कि सद्दाम के चार या पांच गोलियां लगी है, जिनमें एक आर-पार निकल गई है। गोली पीठ, सीने, कमर से उपर पर लगी हैं। पुलिस ने आरोपी युवक नासिर और उसके साथी बाइक चालक आफताब को पकड़ लिया है।
मेरे सामने मेरे दोस्त पर गोलियां चलाता चला गया वह
घटना के समय सद्दाम के साथ मौजूद दोस्त जावेद ने बताया कि वह, सद्दाम और अन्य साथी सोहेल के साथ घर से सद्दाम की बाइक पर पारस तिराहे की ओर जा रहा था। पटेल सर्किल पर हम चाय पीने के लिए ठेले पर रूके। हम तीनों ठेले पर खड़े ही थे कि तभी अचानक से नासिर एक बाइक पर आया। बाइक चलाने वाला युवक चेहरे पर कपड़ा बांधे हुए था और पीछे नासिर बैठा था। नासिर ने आते ही सद्दाम पर अंधाधुंध गोलियां चलाई। एक बारगी तो हमें समझ नहीं आया कि यह क्या हुआ। सद्दाम लहुलुहान होकर वहां गिरा तो हमने उसे संभाला, इस दौरान नासिर सद्दाम की बाइक लेकर ही मौके से फरार हो गया। जावेद ने बताया कि हम सद्दाम को ऑटो से हॉस्पिटल लेकर पहुंचे। जहां डॉक्टर्स ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पड़ोस में दीवार बनाने से शुरू हुई रंजिश
पुलिस ने बताया कि नासिर करीब 19-20 साल का लड़का है और सद्दाम की उम्र 24 साल की थी। किशनपोल में सद्दाम के ठीक पड़ोस में नासिर का घर है। सटे हुए घर में दीवार बनाने को लेकर झगड़ा शुरू हुआ था और आए दिन दोनों परिवारों के बीच मारपीट, कहासुनी से रंजिश बढ़ती जा रही थी। नासिर पहले भी सद्दाम के भाई पर चाकू से हमला कर चुका था। इसी मारपीट में नासिर के खिलाफ भी 2 प्रकरण दर्ज हो चुके थे।


