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भूपालपुरा थानाधिकारी को अचानक क्यों थाने से हटाकर आईजी ऑफिस लगाया ?

arln-admin by arln-admin
February 21, 2019
Reading Time: 1 min read
भूपालपुरा थानाधिकारी को अचानक क्यों थाने से हटाकर आईजी ऑफिस लगाया ?


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कपड़ा व्यवसायी के साथ सिगरेट की खरीद में हुई 1 करोड़ 30 लाख की ठगी मामले में उठे कई सवाल।

उदयपुर,(ARlive news)। भूपालपुरा थानाधिकारी हरेन्द्र सिंह सौदा को थाने से हटाकर आईजी ऑफिस लगा दिया गया है। इस तबादले के पीछे अलग-अलग कयास लगाए जा रहे हैं।

: चार साल पहले सुखेर थाने में कांग्रेस देहात जिला अध्यक्ष लाल सिंह झाला और तत्कालीन थानेदार हरेन्द्र सिंह सौदा के बीच में हुए विवाद को भी पुलिससकर्मी इस तबादले से जोड़कर को देख रहे हैं।

: वहीं चर्चा यह भी है कि हरेन्द्र सिंह को अचानक थाने से हटाकर आईजी ऑफिस में लगाने के पीछे  कपड़ा व्यवसायी सुरेश चन्द्र कोड़िया (जैन) के साथ सिगरेट खरीद में हुई 1 करोड़ 30 लाख रूपए की ठगी मामला हो भी सकता है।

हालां कि आईजी प्रफुल्ल कुमार ने इन बातों को सिरे से खारिज कर बताया कि आईजी ऑफिस के इंस्पेक्टर का ट्रांसफर हो गया था, तो इसलिए भूपालपुरा थानाधिकारी हरेन्द्र सोढ़ा को यहां लगाया है। किसी शिकायत पर उनको नहीं हटाया गया है।

कपड़ा व्यवसायी के साथ सिगरेट खरीदने में हुई 1 करोड़ 30 लाख की ठगी ?

अशोक विहार, भूपालपुरा निवासी सुरेश चन्द्र जैन वही व्यवसायी हैं, जिनके घर पिछले सप्ताह 50 लाख रूपए से अधिक के जेवर-नकदी चोरी हुए थे। इन्होंने 18 फरवरी को भूपालपुरा थाने में चित्तौड़गढ़ के निम्बाहेड़ा निवासी कासम खान के खिलाफ 1 करोड़ 30 लाख रूपए की ठगी करने की एफआईआर दर्ज करवाई थी। सुरेश चन्द्र जैन ने रिपोर्ट में बताया था कि उनका कपड़े का दातार मेचिंग सम्राट नाम से व्यवसाय है। उनके सिंधी बाजार स्थिति मेचिंग सम्राट की दुकान पर कासम खान सामान लेने के लिए आता-जाता था। एक दिन उसने बताया कि उसका सिगरेट बनाने वाली कंपनी से सीधा संपर्क है, वह अगर 1 करोड़ का माल खरीदता है, तो वह मार्केट में उसे आसानी से 2 करोड़ में बिकवा देगा। व्यवसायी ने रिपोर्ट में बताया कि कासम खान के झांसे में आकर उन्होंने सिगरेट खरीद के लिए 1 करोड़ 10 लाख रूपए कासम को दे दिए। कुछ दिनों में उसकी पत्नी साईना ने व्यवसायी को बताया कि सिगरेट के माल को बेचने में पुलिस ने कासम को पड़ लिया है, छुड़वाने के लिए पुलिस पैसे मांग रही है, व्यवसायी को डर दिखाया कि इसमें कासम उसका नाम ले देगा, इस तरह पुलिस का डर दिखाकर कासम ने 20 लाख रूपए और ठग लिए। इस तरह आरोपी कासम ने व्यवसायी सुरेश चन्द्र जैन के साथ 1 करोड़ 30 लाख रूपए की ठगी की।

भूपालपुरा पुलिस ने कासम खान को गिरफ्तार किया तो कई चौंकाने वाले खुलासे हुए। हालां कि पुलिस ने बस इतना बताया कि कासम खान पहले कई मामलों में उदयपुर सेंट्रल जेल रह चुका है और वह एक शातिर अपराधी है।

कई सवाल तलाश रहे जवाब 

: कपड़ा व्यवसायी एक शातिर अपराधी के संपर्क में कैसे आया ?

: कपड़ा व्यवसायी ने सिगरेट खरीद के लिए कासम को बिना जाने-समझे 1 करोड़ 10 लाख रूपए कैसे दे दिए ?

: 1 करोड़ 10 लाख रूपए ठगने के बाद भी कासम ने क्यों पुलिस का डर कपड़ा व्यवसायी को दिखाया और 20 लाख रूपए और ठग लिए ?

: थानाधिकारी हरेन्द्र सिंह से मामले के अनुसंधान में क्या चूक हुई, जो उनके आईजी ऑफिस हुए तबादले को लोगों ने इस ठगी मामले से जोड़कर चर्चा शुरू कर दी ?

Tags: #udaipur#ipc 420#

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