
वर्तमान अध्यक्ष अजय माकन ने स्वास्थ्य कारणों का जो हवाला दिया है, उसके बाद कांग्रेस को दिल्ली के लिए शीला दीक्षित से बेहतर नाम अभी नहीं दिख रहा। शीला का कद और अनुभव सब पर भारी पड़ता दिख रहा है। लोकसभा चुनाव नजदीक आ रहे हैं, ऐसे में शीला के नाम पर मुहर लगने की संभावना बढ़ती दिख रही है। सूत्रों की मानें तो आलाकमान ने फैसला कर लिया है और आने वाले दिनों में इसकी घोषणा भी कर दी जाएगी। सूत्रों का कहना है कि शीला की मुलाकात राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी से हो चुकी है। दिल्ली प्रभारी पीसी चाको के साथ भी बैठक हुई है।
शीला दीक्षित हार्ट की मरीज हैं और हाल में उनकी सर्जरी भी हुई है ऐसे में उनके नीचे पार्टी 3 कार्यकारी अध्यक्ष बना सकती है। इससे शीला का काम स्ट्रैटिजी बनाना होगा। फील्ड वर्क की जिम्मेदारी कार्यकारी अध्यक्ष संभालेंगे। इस मामले में जब शीला दीक्षित से बात की तो उनका कहना था कि अभी ऐसी कोई सूचना उनके पास नहीं है। जब तक कुछ ठोस तथ्य सामने नहीं आते, कुछ भी कहना उचित नहीं है।
बताया जा रहा है कि माकन के पद छोड़े जाने की बात सामने आने पर आलाकमान ने नए प्रदेश अध्यक्ष की तलाश का काम चाको को दिया है। उन्होंने प्रदेश कांग्रेस के प्रमुख नेताओं के साथ बैठक भी की थी। उसमें शीला दीक्षित के नाम पर सबकी सहमति थी। सूत्रों की मानें तो शीला को अध्यक्ष बनाने के लिए रणनीति भी बनाई गई है।


