मध्य प्रदेश के मंदसौर में 8 साल की बच्ची के रेप के मामले में फ़ास्ट ट्रैक कोर्ट ने दोनों आरोपियों को दोषी करार देते हुए मौत की सजा सुनाई है ।
विशेष न्यायालय की न्यायाधीश निशा गुप्ता ने 8 वर्षीय स्कूली छात्रा का अपहरण कर उसके साथ सामूहिक बलात्कार करने के मामले में इरफान ऊर्फ भैयू (20) एवं आसिफ (24) को संबंधित धाराओं में दोषी करार देते हुए मृत्युदंड की सजा सुनाई है ।
मामला 26 जून का है जब इरफान और आसिफ नाम के दो लोगों ने स्कूल से बच्ची को लड्डू खिलाने का लालच देकर उस वक्त अपहरण किया जब वह स्कूल की छुट्टी के बाद पैदल अपने घर जा रही थी उसके साथ बलात्कार किया था और उसकी हत्या करने की नीयत से उस पर चाकू से हमला भी किया गया था । वह 27 जून की सुबह शहर के बस स्टैंड के पास झाड़ियों में लहूलुहान हालत में मिली थी ।
लोक अभियोजक बी एस ठाकुर ने बताया कि अदालत ने हाल ही में शुरू किये गये भादंवि की धारा 376 डीबी के तहत दोनों आरोपियों को मृत्युदंड की सजा सुनाई है । इस धारा के तहत 12 वर्ष से कम साल की बच्ची से सामूहिक बलात्कार करने पर मृत्युदंड की सजा का प्रावधान है । मध्यप्रदेश पुलिस के विशेष जांच दल (एसआईटी) ने दोनों आरोपियों इरफान एवं आसिफ को गिरफ्तार करके उन पर भादंवि की धारा 376-डी (सामूहिक बलात्कार), 376 (2एन), 366 (अपहरण), 363 (अपहरण के दण्ड) एवं पॉक्सो एक्ट से संबधित धाराओं के तहत 10 जुलाई को आरोप पत्र दाखिल किया था । घटना के मात्र 15वें दिन दाखिल किये गये इस आरोप पत्र में 350 से अधिक पेज एवं प्रमाण के लिए करीब 100 दस्तावेज थे । इसमें डॉक्टरों सहित 92 गवाहों के बयान भी दर्ज थे । इसके अलावा, इस आरोप पत्र के साथ अदालत में 50 चीजें भी पेश की गई हैं, जिनमें आरोपियों का हमला करने वाला चाकू एवं कपड़े भी शामिल थे ।
मंदसौर के पुलिस अधीक्षक मनोज सिंह ने बताया कि पुलिस ने बमुश्किल 15 सेकेंड के सीसीटीवी फुटेज के सहारे घटना के लगभग 24 घंटे बाद पहले आरोपी इरफान को गिरफ्तार कर लिया था आगे की पूछताछ के बाद आसिफ को गिरफ्तार किया, इस गिरफ्तारी के पीछे सीसीटीवी फुटेज में आरोपी का चेहरा नहीं बल्कि दो अहम सुरागों की भूमिका सबसे ज्यादा रही वो थे आरोपी के जूते और हाथ में बंधा काला धागा ।
पीड़ित बच्ची के पिता ने दोनों आरोपियों को फांसी की सजा सुनाई जाने के बाद संतोष व्यक्त किया । उन्होंने कहा कि इस फैसले से छोटी बच्चियों के साथ बलात्कार के खिलाफ सख्त संदेश जाएगा ।



