सोहराबुद्दीन-तुलसी एनकाउंटर केस में मंगलवार को मुंबई में सीबीआई की स्पेशल कोर्ट में ट्रेन के जीआरपी जवान भूपत सिंह और शब्बीर खान के बयान हुए। ये दोनों उदयपुर मेल में अहमदाबाद से हिम्मत नगर स्टेशन के बीच पेट्रोलिंग ड्यूटी पर थे। दोनों जीआरपी जवान ने कोर्ट को बताया कि पेट्रोलिंग के दौरान उन्होंने ट्रेन के आखिरी डिब्बे में चार पुलिस कर्मियों को और उनके साथ बैठे एक कैदी को देखा था, जिसके हाथ में हथकड़ी भी थी। इनमें से एक पुलिसकर्मी एएसआई था और बाकि हथियारबंद जवान थे। हालां कि इन दोनों ने ही पुलिसकर्मियों के नाम नहीं पूछे थे। हिम्मत नगर स्टेशन आने के बाद दोनों ट्रेन से उतर गए। सीबीआई ने इन दोनों को होस्टाइल घोषित कर दिया।
सीबीआई ने चार्जशीट में लिखे इन दोनों के बयान में लिखा था कि इन्होंने ट्रेन में पुलिसकर्मियों को तो देखा था, लेकिन कोई कैदी भी इनके साथ बैठा था, इनको याद नहीं है। जबकि आज दिए बयानों में दोनों गवाहों ने यह स्पष्ट कहा कि उन्होंने पुलिसकर्मियों के साथ एक कैदी को भी बैठे देखा था, जिसके हाथ में हथकड़ी थी। इस पर सीबीआई ने दोनों को होस्टाइल घोषित कर दिया।



