जयपुर,(एआर लाइव न्यूज)। प्रदेश में बिजली संकट गहराता जा रहा है। जिसका सीधा शहरी क्षेत्र सहित असर किसानों पर पड़ रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली कटौती होने से किसानों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
ऊर्जा विकास निगम के अनुसार पिछले साल की तुलना में इस बार लोड का आंकलन सही नहीं होने के कारण और विंड एनर्जी पूरी नहीं मिलने के कारण कटौती के हालात पैदा हुए हैंं। ऊर्जा विकास निगम की ओर से दावा किया जा रहा है कि जल्द आपूर्ति को सुचारू किय़ा जाएगा।
इन यूनिट्स में बंद है उत्पादन
- केटीपीएस की 210 मेगावॉट की तीन नम्बर की इकाई में उत्पादन ठप है।
- छबड़ा की 250 मेगावॉट की चार नम्बर और 660 मेगावॉट की 6 नम्बर की इकाई में उत्पादन बन्द है।
- सूरतगढ़ की 250 मेगावॉट की एक नम्बर की और 660 मेगावॉट की दोनों सात और आठ नम्बर में उत्पादन ठप है।
- अडा़णी की 660 मेगावाट की दो इकाईयों में एक पहले से बन्द थी, वही एक और बन्द हो जाने के काऱण बिजली का शॉटफॉल हो गया है।
- काली सिंध की 660-660 मेगॉवाट की दोनों इकाइयों से केवल 425 मेगॉवाट का उत्पादन हो रहा है।



