उदयपुर,(ARLive news)। उदयपुर में इंदिरा आईवीएफ (Indira IVF) हॉस्पिटल के डायरेक्टर्स के बीच साझेदारी को लेकर मनमुटाव अब खुलकर सामने आ गया है। दो डायरेक्टर्स ने चैयरमेन और डायरेक्टर्स के खिलाफ भूपालपुरा थाने में एफआईआर दर्ज करवायी है और आरोप लगाया है कि उनसे डायरेक्टरशिप से जबरन रिजाईन देने के लिए उन्हें धमकाया जा रहा है।
इंदिरा आईवीएफ हॉस्पिटल के डारेक्टर आशीष लोढ़ा और मनीष खत्री ने हॉस्पिटल चैयरमेन अजय मुर्डिया, सीईओ क्षितिज मुडिया और नितिज मुर्डिया के खिलाफ सीआरपीसी की धारा 156(3) के तहत कोर्ट में परिवाद पेश कर भूपालपुरा थाने में आईपीसी की धारा 143, 347, 384, 385, 330, 511, 120बी के तहत एफआईआर दर्ज करवायी है।
परिवादी ने एफआईआर में बताया है कि इंदिरा आईवीएफ प्रा.लि. कंपनी में अजय मुर्डिया चैयरमेन हैं, वहीं क्षितिज, नितिज, परिवादी खुद आशीष लोढ़ा और मनीष खत्री निदेशक हैं। परिवादी ने दावा किया है कि कंपनी में सभी के बराबर की भागीदारी और शेयर्स हैं। कुछ समय पूर्व चैयरमेन अजय, क्षितिज और नितिज ने खुद के और परिवादी पर दबाव बनाकर कंपनी के 7-7 प्रतिशत शेयर कुल 35 प्रतिशत शेयर्स टीए एसोसिएट के नॉमिनेटेड डायरेक्टर नरेश पटवारी और धीरज पौद्दार को विक्रय कर उन्हें कंपनी में 35 प्रतिशत का शेयर होल्डर बना दिया। परिवादी ने एफआईआर में आरोप लगाया है कि अजय मुर्डिया, क्षितिज और नितिज पिछले कुछ समय से कंपनी के लाभांश एवं परिसंपत्तियों का मूल्यांकन काफी कम आंकते हुए परिवादी पर कंपनी की डायरेक्टरशिप से रिजाईन करवाना चाहते हैं। जब परिवादी ने डायरेक्टरशिप से रिजाईन करने से मना कर दिया तो उन्हें इसके लिए धमकाया जा रहा है।


