नयी दिल्ली,(ARLive News)। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को कोरोनावायरस पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से मीडिया से बात की। राहुल गांधी ने कहा देश में लागू किया गया लॉकडाउन कोरोना महामारी का का हल नहीं है। यह समस्या के लिए पॉज बटन जैसा है। इसके हटते ही संक्रमण का खतर बढ़ जाएगा। ऐसे में संक्रमण रोकने के लिए आक्रामक तरीके से टेस्ट किए जाने की जरूरी है।
राहुल गांधी ने कहा देश में ज्यादा से ज्यादा टेस्टिंग होना चाहिए। अभी 10 लाख लोगों में केवल 199 लोगों की टेस्टिंग हो रही है। ज्यादा से ज्यादा टेस्ट होने पर ही इस बीमारी पर कुछ हद तक काबू पाया जा सकता है। वायरस से लड़ने के लिए हमें राज्य और जिला स्तर पर काम करने की जरूरत है। केरल में इसके सफल होने का कारण यही है कि इसे जिला स्तर पर रोकने पर काम किया गया।
हमें व्यापक स्तर पर प्लानिंग की जरूरत
राहुल गांधी ने कहा लोग अभी घरों में बंद हैं तो संक्रमण नहीं फैल रहा है। लेकिन जैसे ही दरवाजे खुलेंगे, तो संक्रमण तेजी से फैलेगा। लॉकडाउन के बाद की रणनीति पर फोकस करना चाहिए। मेडिकल व्यवस्था क्या होगी, कैसे अस्पताल की सुविधाओं में इजाफा होगाघ, इस पर तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए। हम इस समय वेंटीलेटर्स, अन्य जरूरी संसाधनों को जुटा सकते हैं।
लॉकडाउन से कोरोना को हराया नहीं जा सकता, इसके रोकने के लिए व्यापक स्तर पर प्लानिंग की जरूरत है। देश के सामने बड़ी वित्तीय समस्या आने वाली है, ऐसे में फंडिंग मैनेज करनी की रणनीति बनानी होगी। लोगों की सुरक्षा में देश के कोष का एक हिस्सा पूरी तरह खर्च किया जाना चाहिए, लेकिन यह भी ध्यान रखना होगा कि कहीं संक्रमण से सुरक्षा के लिए हम पूरी अर्थव्यवस्था को न बर्बाद कर दें।
भारत दुनिया का इकलौता देश, जो प्रवासी मजदूरों के लिए लॉकडाउन लागू कर रहा
राहुल ने कहा भारत दुनिया का इकलौता देश है, जो प्रवासी मजदूरों के लिए लॉकडाउन लागू कर रहा है। भारत में माइग्रेशन की समस्या बहुत बड़ी है। चीन में भी ऐसा है, लेकिन वहां संसाधनों की कमी नहीं है। इसके चलते उन्होंने सभी चीजों को मैनेज कर लिया। अप्रैल को आंशिक तौर पर लॉकडाउन खोलने की तैयारी हो रही है। मुझे इस बात का डर है कि अगर सही ढंग से ऐसा नहीं किया गया तो फिर से लॉकडाउन करने की नौबत आ जाएगी।
आज साथ मिलकर काम करने का समय है
राहुल गांधी ने कहा मैं सरकार द्वारा लिए गए कई फैसलों में मोदी जी से अहसमत हो सकता हूं, लेकिन अभी इसका वक्त नहीं है। आज साथ मिलकर काम करने का समय है। अगर हिंन्दुस्तान बंट जाएगा तो हम हार जाएंगे। मुझे कोई क्रेडिट नहीं चाहिए। हमारे लिए देश की जनता अहम है। हमारा काम सुझाव देने का है और हम वो करेंगे। जब हिंदुस्तान मिलकर कोरोना के खिलाफ लड़ेगा तो हम आसानी से जीत जाएंगे।


