
समारोह में चीफ इलेक्शन कमिश्नर सुनील अरोड़ा ने डॉ. सतीश शर्मा को यह अवॉर्ड दिया। यह पुरूस्कार कार्ल जाइस इन्डिया प्रा.लि. द्वारा दिया गया है। इस वर्ष के पुरूस्कार हेतु चयन समिति ने उदयपुर के डॉ. सतीश कुमार शर्मा का मनोनयन किया था।
डॉ. सतीश शर्मा ने जुलॉजी और बॉटनी दोनों विषयों में पीएचडी की हुई है। वे वन अधिकारी रहे और पिछले 36 वर्षों से राजस्थान के फ्लोर और फोना पर अध्ययन कर रहे हैं। विभिन्न प्लांट्स, वन्यजीव, वनों और आदिवासी समुदाय से वनों के संबंध विषयों पर वे 600 से अधिक आर्टिकल विभिन्न् समाचार पत्रों और मैगजीन में लिख चुके हैं और उनके फील्ड स्टडी और देश के विभिन्न वन क्षेत्रों में किए गए शोध कार्यो से संबंधित उनकी लिखी दस किताबें पब्लिश हो चुकी है। डॉ. सतीश कुमार शर्मा ने विलुप्त हो चुकी वनस्पतियों की भी खोज की है, साथ ही वन्यजीवों और वनस्पतियों के संरक्षण में मील का पत्थर साबित होने वाले कई कार्य किए हैं।


