
एडीजी इंटेलीजेंस उमेश मिश्रा ने बताया कि गांगा गांव, जैसलमेर निवासी नबाब खां पुत्र मठार खां को गिरफ्तार किया हैं। आरोपी पाकिस्तान हैंडलिंग पाक खुफिया एजेंसी के ऑफिसर को कोड वर्ड्स में बड़े ही शातिराना तरीके से गोपनीय सूचनाएं भेजता था। रेगुलर कॉल करने के बजाए वह हमेशा वाट्सएप वॉइसकॉल के जरिए ही पाकिस्तान ऑफिसर से बात कर सूचनाएं पहुंचाता था। पाकिस्तान से खुफिया एजेंसी के ऑफिसर से उसे सामरिक सूचनाओं से संबंधित टास्क दिए जाते थे। टास्क के अनुरूप ही वह सूचनाएं पाकिस्तान भेजता था।
धाार्मिक यात्रा पर पाकिस्तान जाने पर हुई थी ऑफिसर से मुलाकात
पूछताछ में नबाब खां ने बताया कि वह एक साल पहले माता-पिता के साथ पाकिस्तान धार्मिक यात्रा पर गया था। माता-पिता को बिना बताए वह वहांएक होटल में रिश्तेदार के जरिए इस ऑफिसर के संपर्क में आया था। ऑफिसर ने बड़ी धनराषि का लालच दिया तो यह सूचनाएं उपलब्ध करवाने के लिए तैयार हो गया। पाकिस्तान में 22 दिन रूककर उसने ऑफिसर के जरिए सामरिक महत्व की सूचनाएं इकट्ठा करने और सूचनाओं का आदान-प्रदान करने की ट्रेनिंग प्राप्त की और वापस जैसलमेर लौटा।
पर्यटक को घुमाने के बहाने इकट्ठा करता था सूचनाएं
जासूस नबाब खां ने पूछताछ में बताया कि जैसलमेर लौटने के बाद उसने गाड़ी से जैसलमेर और बाड़मेर में पर्यटकों को घुमाने वाली सवारी गाड़ी चलाने का काम शुरू कर दिया। पर्यटकों को घुमाने के बहाने वह बॉर्डर के समीपवर्ती क्षेत्रों में जाता था और सेना की गतिविधियों की जानकारी इकट्ठी कर पाकिस्तान पहुंचाता था।

