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उदयपुर में 516 हुए संक्रमित : इनमें 76 प्रवासी, 155 ठीक हुए, रिकवरी रेट 30%

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उदयपुर,(ARLive news)। उदयपुर में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या 516 हो गयी है। आज मंगलवार को 11 नए पॉजिटिव केस आए हैं। इनमें 1 एमबी हॉस्पिटल (आरएनटी) स्टाफ है, वहीं बाकि 10 संक्रमित प्रवासी हैं। 516 में 76 प्रवासी हैं। हालां कि जैसे-जैसे प्रवासी आ रहे हैं, इनके संक्रमित होने से संख्या बढ़ने की आशंका है।

सीएमएचओ डॉ. दिनेश खराड़ी ने बताया कि अभी 516 संक्रमितों में 155 की दो बार नेगेटिव रिपोर्ट आ चुकी है, मतलब कि ये ठीक हो गए हैं, लेकिन अभी हॉस्पिटल में निगरानी में हैं। 25 संक्रमित एमबी हॉस्पिटल स्टाफ, होमगार्ड सहित अन्य कोरोना वॉरियर्स हैं। वहीं अब तक 21 लोग हॉस्पिटल से डिस्चार्ज किए जा चुके हैं। इनमें 6 लोग अभी हो आईसोलेशंन में हैं। रिकवरी रेट अभी 30 प्रतिशत हो गयी है और जल्द ही 50 प्रतिशत भी हो जाएगी।

होम आईसोलेशन में वे लोग जाते हैं, जिनकी 2 बार नेगेटिव रिपोर्ट आ गयी होती है और उनके घर में आईसोलेशन की व्यवस्था होती है। अगर होम आईसोलेशन की सभी शर्तें घर में पूरी नहीं होती हैं तो मरीज को हॉस्पिटल में ही निगरानी में रखा जाता है।

क्वॉरंटीन सेंटर से कल घर लौट सकेंगे लोग

सीएमएचओ दिनेश खराड़ी ने बताया कि हेलावाड़ी, कांजी का हाटा में जिन लोगों की नेगेटिव रिपोर्ट आयी थी, उनको पेसिफिक यूनिवर्सिटी सहित अन्य जगहों पर क्वॉरंटीन किया था। उनको 14 दिन हो गए हैं। घर भेजने से पहले उनकी स्क्रीनिंग-टेस्टिंग करवा लेंगे। रिपोर्ट नेगेटिव आने पर उनको उनके घर वापस भेज दिया जाएगा।

होम आईसोशलेन में पड़ोसी जरूरतमंद सामग्री पहुंचाता है

कोरोना पॉजिटिव मरीज की दो बार नेगेटिव रिपोर्ट आने के बाद मरीज अगर होम आईसोशलेन में जाता है, तो उसके घर में पूरी व्यवस्था होनी जरूरी होती है। वह अगले 14 दिन पूरी तरह घर वालों से अलग कमरे में रहेगा, उस कमरे में अलग लैट-बाथ होंगे। वह कॉमन लैट-बाथ उपयोग नहीं ले सकता। घर में सभी सदस्य क्वॉरंटीन होंगे और 14 दिन बाहर नहीं निकलेंगे। घर का एक सदस्य मरीज के पास जाकर रोज उसकी पल्स, टेम्प्रेचर चेक करेगा और हमें वाट्स-अप पर सूचित करेगा।

पूरा परिवार क्वॉरंटीन होता है तो पड़ोसी को डिक्लेरेशन देना होता है कि वह परिवार को उसकी जरूरत का राषन सहित अन्य सामान पहुंचाएगा। इनमें से एक शर्त भी पूरी नहीं होती है तो मरीज को 14 दिन हॉस्पिटल में ही निगरानी में रखा जाता है।

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