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हर व्यक्ति और परिस्थिति से सीखने की ललक जरूरी : प्रशांत अग्रवाल

Prashant Agrawal Narayan Seva Sansthan Udaipur

उदयपुर,एआर लाइव न्यूज।। नारायण सेवा संस्थान में आयोजित ‘अपनों से अपनी बात’ समारोह में संस्थान अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल ने कहा कि जीवन में आगे बढ़ने के लिए निरंतर सीखने की इच्छा होना आवश्यक है। यदि व्यक्ति में सीखने की ललक हो तो वह हर व्यक्ति, हर परिस्थिति और प्रकृति की छोटी-बड़ी घटनाओं से भी महत्वपूर्ण सीख प्राप्त कर सकता है। | Prashant Agarwal Narayan Seva Sansthan Udaipur | Apno Se Apni Baat

इस कार्यक्रम में उपचारित दिव्यांगजन, मोबाइल, कंप्यूटर एवं सिलाई प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे प्रशिक्षणार्थियों के साथ देश के विभिन्न हिस्सों से उपचार के लिए आए रोगी और उनके परिजन शामिल हुए। कार्यक्रम के दौरान प्रशांत अग्रवाल ने प्रतिभागियों से आत्मीय संवाद करते हुए उनके अनुभवों, प्रशिक्षण और भविष्य की योजनाओं की जानकारी ली।

गुरु-शिष्य परंपरा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने भगवान कृष्ण और महर्षि सांदीपनि तथा रामकृष्ण परमहंस और स्वामी विवेकानंद के गुरु-शिष्य संबंधों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि गुरु केवल शिक्षा देने वाला व्यक्ति नहीं होता, बल्कि वह जीवन को सही दिशा प्रदान करने वाला मार्गदर्शक भी होता है। वहीं शिष्य का कर्तव्य है कि वह गुरु से प्राप्त ज्ञान, संस्कार और मार्गदर्शन को अपने जीवन और व्यवहार में उतारे।

प्रशांत अग्रवाल ने भगवान दत्तात्रेय के 24 गुरुओं का उदाहरण देते हुए कहा कि सीखने की दृष्टि विकसित होने पर व्यक्ति प्रकृति, पशु-पक्षियों और जीवन की विभिन्न परिस्थितियों से भी ज्ञान प्राप्त कर सकता है। जीवन में आने वाली छोटी-छोटी घटनाओं में भी अनुभव और सीख छिपी होती है, आवश्यकता केवल उन्हें समझने की होती है।

उन्होंने गीता के कर्मयोग के संदेश को रेखांकित करते हुए प्रशिक्षणार्थियों को कर्तव्य के प्रति ईमानदार रहने और निरंतर प्रयास करते रहने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सफलता का आधार केवल परिणाम की चिंता करना नहीं, बल्कि अपने लक्ष्य के प्रति समर्पण के साथ लगातार कर्म करते रहना है।

कार्यक्रम के अंत में अग्रवाल ने प्रशिक्षणार्थियों से अपने हुनर को निरंतर निखारने, नई चीजें सीखने और अपनी प्रतिभा को समाजोपयोगी बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि कौशल और सकारात्मक सोच व्यक्ति को आत्मनिर्भरता तथा सफलता की दिशा में आगे बढ़ाते हैं।

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