भारत रक्षा क्षेत्र को “अवसरों की असीमित संभावनाओं” के रूप में देखता है
गांधीनगर,(एआर लाइव न्यूज)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज बुधवार को गुजरात के गांधीनगर में DefExpo-22 का उद्घाटन किया। प्रधानमंत्री ने हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड द्वारा डिजाइन किए गए स्वदेशी ट्रेनर विमान-एचटीटी-40 का अनावरण किया। इस कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने मिशन डेफस्पेस का भी शुभारंभ किया और गुजरात में डीसा एयरफील्ड की आधारशिला रखी।
डिफेंस एक्स्पो में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि यह पहला रक्षा एक्सपो है, जिसमें केवल भारतीय कंपनियां भाग ले रही हैं और इसमें केवल “मेड इन इंडिया” उपकरण ही शामिल हैं। एक्सपो में 1300 से अधिक प्रदर्शक हैं, जिनमें भारत का रक्षा उद्योग, भारतीय रक्षा उद्योग से जुड़े कुछ संयुक्त उद्यम, एमएसएमई और 100 से अधिक स्टार्टअप शामिल हैं। उन्होंने आगे बताया कि पहली बार 400 से अधिक एमओयू पर हस्ताक्षर किए जा रहे हैं।
इस अवसर पर दूसरी भारत-अफ्रीका रक्षा वार्ता भी होगी
विभिन्न देशों से मिली सकारात्मक प्रतिक्रिया को देखते हुए प्रधानमंत्री ने प्रसन्नता व्यक्त की कि जब भारत अपने सपनों को आकार दे रहा हैए तो अफ्रीका के 53 मित्र देश हमारे साथ आ रहे हैं। इस अवसर पर दूसरी भारत-अफ्रीका रक्षा वार्ता भी होगी।
प्रधानमंत्री ने कहा, आज अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा से लेकर वैश्विक व्यापार तक, समुद्री सुरक्षा वैश्विक प्राथमिकता के रूप में उभरी है। वैश्वीकरण के युग में मर्चेंट नेवी की भूमिका का भी विस्तार हुआ है। उन्होंने आगे कहा, “दुनिया की भारत से उम्मीदें बढ़ी हैं, और मैं विश्वास दिलाता हूं कि भारत उन्हें पूरा करेगा, इसलिए यह डिफेंस एक्सपो भारत के प्रति वैश्विक भरोसे का भी प्रतीक है।”
इस अवसर पर गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत, केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान, सेनाध्यक्ष जनरल मनोज पांडे, वायु सेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल वीआर चौधरी, नौसेनाध्यक्ष एडमिरल आर हरि कुमार और भारत सरकार के रक्षा सचिव डॉ. अजय कुमार भी मौजूद थे।

