उदयपुर(एआर लाइव न्यूज)। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शुक्रवार को उदयपुर में आरएसएस (राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ) और बीजेपी पर जुबानी हमला तेज किया। गहलोत ने कहा कि आरएसएस के लोग पीछे रह कर बीजेपी को जिताने का काम करते हैं। इसकी बजाय आरएसएस को चाहिए कि बीजेपी को अपने अंदर मर्ज कर खुद राजनीतिक पार्टी बन जाए।
शुक्रवार सुबह उदयपुर के डबोक एयरपोर्ट पर मीडिया से बातचीत में गहलोत ने कहा कि आरएसएस सद्भावना का काम क्यों नहीं करता?। ये लोग (आरएसएस) पीछे रह कर बीजेपी को जिताने का काम करते है। या तो इनको चाहिए कि बीजेपी को अपने अंदर मर्ज कर ले और राजनीतिक पार्टी बने आरएसएस। फिर विचारधारा के आधार पर कांग्रेस से मुकाबले करे।
आज भले ही कांग्रेस सत्ता में नहीं है, कोई बात नहीं, लेकिन विचारधारा के आधार पर दमखम है। आप(आरएसएस) पीछे रहकर राजनीति करते हो और ध्रुवीकरण कर चुनाव जितवाते हो। ध्रुवीकरण से पार्टियां चुनाव जीतने लगी, तो इससे देश कमजोर होगा या मजबूत होगा, यह देशवासियों और खासकर युवाओं को सोचना होगा। एयरपोर्ट पर मीडिया से बातचीत के बाद गहलोत उदयपुर-डूंगरपुर सीमा पर रतनपुर बॉर्डर पहुंचे और सभा को संबोधित किया।
प्रधानमंत्री मोदी हिंसा रोकने राष्ट्र के नाम संबोधन क्यों नहीं देते
गहलोत ने कहा कि देश में तनाव, अशांति और हिंसा का माहौल है। प्रधानमंत्री मोदी को चाहिए राष्ट्र के नाम संदेश जारी करे, हिंसा करने वालों की निंदा करे। मोदी यह आह्वान करे कि हिंसा बर्दाश्त नहीं होगी तो उसका असर पड़ेगा। प्रधानमंत्री के बोलने का एक मायना होता है। वो बोलेंगे तो हिंसा रूकेगी। माहौल बदलेगा। प्रधानमंत्री इस मामले में सिर्फ एक बार बोले, फिर बोलना बंद कर दिया।
सामाजिक सद्दभाव का अभियान क्यों नहीं चलाता संघ
सीएम गहलोत ने कहा कि ये लोग हिंदू की बात करते है। जबकि आज हिंदू भी संकट में है। आज भी छुआछूत के मामले हो रहे। ऐसे में इनको घर-घर जाकर प्रेम भाइचारे का संदेश देना चाहिए। छुआछूत और ऊंच नीच के खिलाफ अभियान चलाना चाहिए। आरएसएस कार्यकर्ता को चाहिए घर घर जाकर प्रेम भाइचारे का संदेश दे।

