पहले ही दिन दिखी लोक कला की अनुठी झलक
उदयपुर(एआर लाइव न्यूज)। उदयपुर के हवाला क्षेत्र में स्थित शिल्पग्राम में मंगलवार शाम दस दिवसीय शिल्पग्राम उत्सव की शुरुआत हो गई। कोरोना काल के चलते इस उत्सव पर विराम लग जाने से कलाकारों और कला के कद्रदानों को इस दिन का बेसब्री से इंतजार था।
राज्यपाल कलराज मिश्र ने शिल्पग्राम उत्सव का विधिवत शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि देश के 25राज्यों के लोक कलाकार इस उत्सव में भाग ले रहे हैं। इस कारण ऐसा लग रहा है मानों पूरा भारतयहीं एकत्र हो गया हो। राज्य के कला एवं संस्कृति मंत्री डॉ. बीडी.कल्ला ने कहा कि कला और संस्कृति हमारे देश और राज्य की पहचान है। शिल्पग्राम उत्सव जैसे आयोजन से कला और संस्कृति को नये आयाम मिलेंगे।
25 राज्यों के 1000 कलाकार और शिल्पकार भाग ले रहे हैं।
राज्यपाल मिश्र द्वारा डॉ. कोमल कोठारी की स्मृति में लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड संयुक्त रूप से महाराष्ट्र के ठाणे के कला मनीषी डॉ.प्रकाश सहदेव खांडगे तथा राजस्थान के जयपुर से विजय वर्मा को प्रदान किया। पश्चिम क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र की निदेशक किरण सोनी गुप्ता ने बताया कि शिल्पग्राम उत्सव में देश के 25 राज्यों के 1000 कलाकार और शिल्पकार भाग ले रहे हैं। राज्यपाल ने हाट बाजार में शिल्पकारों की कलात्मक वस्तुओं को देखा।
कलाकारों ने कला प्रेमियों का दिल जीत लिया :
उद्घाटन अवसर पर विभिन्न राज्यों के कलाकारों ने एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां देकर पहले ही दिन लोक कला से जुड़े इस उत्सव मेें कला के कद्रदानों का दिल जीत लिया। मणिपुर का कैरोल जगोई में कलाकार ने वुडन स्टिक को लयकारी के साथ संतुलित करते हुए अनूठे अंदाज में अपनी कला का प्रदर्शन किया। उत्तर प्रदेश का डेडिया नृत्य और गुजरात के डांग अंचल के डांगी कलाकारों का पिरामिड भी दर्शकों को पसंद आया। जम्मू से आये कलाकारों का नृत्य,असम का बिहू नृत्य के साथ ही आखिर में विभिन्न राज्यों के कलाकारों ने एक साथ नृत्य कर कला प्रेमियों से वाहवाही लुटी।

