कोटा,(ARLive news)। राजस्थान के कोटा में लॉकडाउन के कारण फंसे छत्तीसगढ़ व हरियाणा के छात्रों को वापस लाने की की कवायद प्रदेश सरकारों द्वारा शुरू कर दी गई है। इसके लिए राज्य सरकारों से बसों को रवाना कर दिया गया है।
छत्तीसगढ़ के अलग अलग जिलों से मिली जानकारी के आधार पर 2000 छात्र-छात्राएं की सूची तैयार की गई है। इन बच्चों को वापस लाने के लिए छत्तीसगढ़ से 75 बसें कोटा रवाना की गई हैं।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह से 23 अप्रैल को फोन पर बात करके दूसरे राज्यों में फंसे प्रदेश के मजदूर और पढ़ाई करने के लिए गए स्टूडेंट्स को वापस लाने की अनुमति मांगी थी। इसके बाद आज छत्तीसगढ़ सीएम भूपेश बघेल ने ट्वीट कर जानकारी दी कि कोटा में फंसे बच्चों को लाने की कवायद सरकार द्वारा शुरू की गई।
वहीँ हरियाणा के करीब 858 छात्रों को चिन्हित किया गया। इसमें से पानीपत के 36, जींद के 62, अंबाला के 15, कैथल के 22, करनाल के 23, यमुनानगर के 5 और कुरुक्षेत्र के 08 छात्र शामिल हैं। इन् छात्रों को वापस लाने के लिए रेवाड़ी और नारनौल से बसों को कोटा रवाना किया गया है। सभी बसों को अलग-अलग जिलों के लिए अलॉट किया गया है। सभी बसें छात्रों को पहले सिविल अस्पताल ले जाएंगी। जहाँ स्वास्थ्य विभाग की ओर से जांच की जाएगी। अगर जरूरत पड़ी तो सैंपल भी करवाए जाएंगे। इसके बाद बाद ही स्वास्थ्य विभाग तय करेगा कि छात्रों को कहां भेजा जाए।

