कचरा प्रबंधन के लिए कचरा इकट्ठा करने वाले लेंगे सहयोग राशि।
उदयपुर,(ARLive news)। घर के बाहर, गली में या सड़क पर कचरा फेंकने वालों को सुधारने के लिए राज्य सरकार ने अब जुर्माने का प्रावधान कर दिया है। सड़क, मौहल्ले या गली में कोई यहां-वहां कचरा फैकता दिखा तो उससे नगर निगम जुर्माना वसूलेगी।
इस संबंध में राज्य सरकार ने अधिसूचना जारी कर दी है। इस अधिसूचना में राज्य सरकार ने सार्वजनिक स्थान पर थूकने वालों और मलमूत्र त्यागने वालों पर भी प्रतिबंध लगाने का प्रयास किया है और स्पष्ट किया है कि सड़क पर थूकने या मलमूत्र त्यागने वालों पर भी जुर्माना लगाया जाएगा।
अधिसूचना के अनुसार अगर किसी ने एक बार सड़क पर थूका या टॉयलेट की तो उस पर 200 रूपए जुर्माना लग सकता है। वहीं सार्वजनिक स्थान पर शौच करने वाले पर 500 रूपए और गोबर डालने वाले पर 5 हजार रूपए के जुर्माने का प्रावधान है।
सार्वजनिक स्थान पर कचरा फैंकने वालों पर भी घर, दुकान, प्रतिष्ठान, होटल-रेस्टोरेंट और व्यवसाय के अनुसार 100 रूपए से लेकर 5 हजार रूपए तक के जुर्माने रखा गया है।
कचरा प्रबंधन के लिए ली जाएगी सहयोग राशि
घर-घर जाकर कचरा इकट्ठा करने वालों से सरकार अब सहयोग राशि वसूलेगी, यह राशि कचरा के बेहतर प्रबंधन के लिए उपयोग की जाएगी। मकान के आकार के आधार पर यह राशि 20 रूपए से लेकर 150 रूपए तक होगी। वहीं दुकानों, प्रतिष्ठानों, हॉस्पिटल, ठेलों, होटल, रेस्टोरेंट से कचरा संग्रहण के लिए सहयोग राशि भी अलग-अलग तय की गयी है।
विद्या भवन पोलीटेक्निक उदयपुर के प्राचार्य डॉ. अनिल मेहता ने बताया कि राज्य में घरों व संस्थानों के स्तर पर कचरा संग्रहण परिवहन, निस्तारण को बेहतर बनाने एवं जवाबदेही तय करने के उद्देश्य से नागरिकों से सहयोग राशि ली जाएगी । कचरा एवं गंदगी फ़ैलाने वाले लोगों एवं व्यावसायिक संस्थानों के व्यहवार में बदलाव सुनिश्चित करने के लिए राज्य में अब जुर्माने का भी प्रावधान होगा। ठोस कचरा प्रबंधन नियमों के तहत एवं एनजीटी के आदेशों की पालना में राज्य के स्वायत शासन विभाग ने इस सम्बन्ध में अधिसूचना जारी कर दी है ।

