अलवर सांसद महंत चांदनाथ के निधन के बाद भाजपा ने यादव को अलवर लोकसभा उप चुनाव में प्रत्याशी बनाया था। यादव उप चुनाव हार गए थे। यादव ने उप चुनाव के लिए भी अपने बेटे का नाम आगे किया था। चर्चा है कि यादव और काका सुंदर लाल अपने बेटों को राजनीति में लाना चाहते है। यही कारण है कि दोनों विधायकों ने फीडबैक प्रोग्राम में अपने बेटों का नाम सुझाया।
दिल्ली बायपास स्थित आमेर होटल में रविवार को भीलवाडा, नागौर, झुंझनू और अलवर जिले की 35 विधानसभा सीटो के लिए पार्टी पदाधिकारियो की राय ली गई। इस दौरान पूर्व विधानसभा अध्यक्ष सुमित्रा सिंह भी फीडबैक कार्यक्रम में पहुंची और झुंझनू विधानसभा क्षेत्र से अपना दावा पेश किया।
फीडबेक प्रोग्राम के तहत मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे, प्रदेश चुनाव प्रबंधन समिति के संयोजक एवं यूनियन मिनिस्टर गजेंद्र सिंह शेखावत, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ओम प्रकाश माथुर, नेशनल ऑर्गनाइजेशन सेक्रेट्री वी सतीश, प्रदेश प्रभारी अविनाश राय खन्ना सहित अन्य वरिष्ठ नेताओ के छह पैनल बनाए गए। सभी पैनल ने अलग-अलग विधानसभा क्षेत्र के पार्टी पदाधिकारियों से संभावित प्रत्याशियों का फीडबैक लिया। संगठन पदाधिकारियों से प्रत्येक विधानसभा सीट के लिए तीन संभावित प्रत्याशियों के नाम लिए गए। फीडबेक कार्यक्रम के अंतिम दिन सोमवार को जयपुर और सीकर जिले की 27 विधानसभा सीटों के लिए पार्टी कार्यकर्ताओं की राय ली जाएगी।
