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देश के ‘भारत बंद’ का असर कहीं दिखाई दिया तो कहीं रहा बेअसर

पेट्रोलियम उत्पादों पेट्रोल-डीजल और रसोई गैस की बढ़ती कीमतों के खिलाफ कांग्रेस के आह्वान पर सोमवार को ‘भारत बंद’ से आम जनजीवन प्रभावित रहा । जहां ऑफिस और शैक्षणिक संस्थान बंद रहे और सड़कों से गाड़ियां गायब रहीं । हिंसा की कुछ घटनाओं को छोड़कर ‘भारत बंद’ मिलाकर शांतिपूर्ण रहा । बंद का आह्वान कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के नेतृत्व में किया गया । इस बंद को 21 विपक्षी दलों का भी समर्थन प्राप्त हुआ ।

देश के अलग अलग राज्यों में कहीं बंद का असर दिखाई दिया तो कहीं बंद रहा बेअसर ।

सबसे ज्यादा असर बिहार, ओडिशा, मणिपुर में देखने को मिला , केरल, कर्नाटक, अरुणाचल प्रदेश जैसे राज्यों में भी बंद के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ लेकिन उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल और मिजोरम बंद के असर से प्रभावित नहीं रहे ।

बिहार : पटना में कांग्रेस, राजद, हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) सेक्युलर, समाजवादी पार्टी, रांकपा, जन अधिकारी पार्टी और वामदलों के नेता और कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे तथा इस दौरान दोपहर एक बजे तक कुल 196 बंद समर्थकों को गिरफ्तार किया गया है ।

पटना में शिक्षण संस्थानों के बंद होने के साथ सड़क यातायात प्रभावित दिखा और दुकानदारों ने अपनी दुकानें बंद रखी । बंद समर्थकों द्वारा कई वाहनों के शीशे तोङे गये अन्य जिलों में जगह जगह टायर जलाकर सड़क और रेल यातायात को बाधित किया । राजेंद्र नगर रेलवे स्टेशन के समीप रेलवे ट्रैक भी जाम कर दिया ।

जहानाबाद जिले में बंद के दौरान अस्पताल ले जाने के दौरान एक 2 वर्ष बच्ची गौरी कुमारी की मौत हो गयी वह डायरिया से पीङित थी । बच्ची के पिता जिले के बेला बिगहा निवासी प्रमोद मांझी उसे इलाज के लिए जहानाबाद ले जा रहे थे, लेकिन बंद के कारण वाहन मिलने में देरी होने से उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया ।

ओडिशा में भी भारत बंद से सामान्य जनजीवन पर असर पड़ा है । भुवनेश्वर सहित राज्य के अन्य जगहों पर प्रदर्शन कर रहे सैकड़ों कांग्रेसी कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है । कई जगहों पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं द्वारा सड़क जाम करने से सड़क यातायात पर असर पड़ा है । कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भुवनेश्वर, कटक, संबलपुर, राउरकेला, बालांगीर और भद्रक में रेल रोको प्रदर्शन किया । पूर्वी तटीय रेलवे ने 12 ट्रेनों को स्थगित कर दिया है ।

स्कूलों व कॉलेजों को बंद रखा गया है । तथा बीजू पटनायक यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी (बीपीटीयू) में सभी व्यावसायिक पाठ्यक्रमों की परीक्षाएं भी रद्द कर दी है । कांग्रेस और माकपा कार्यकर्ताओं द्वारा पुरी के कोणार्क मंदिर के टिकट काउंटर बाधित करने के कारण पर्यटक अंदर नहीं जा सके ।

मणिपुर : विपक्ष के नेता पूर्व मुख्यमंत्री ओकराम इबोबी ने इंफाल में पार्टी के विधायकों और कार्यकर्ताओं की रैली की अगुआई की। शहर में और कई अन्य जिलों में सभी बाजार , सभी वाणिज्यिक वाहन बंद रहे। कई स्थानों पर पुरुष, महिलाएं सड़कों पर आए व टायर जलाए और सड़क यातायात पूरी तरह बंद कर दिया। साथ ही कई स्थानों पर पुलिस और कांग्रेसी कार्यकर्ताओं के बीच झड़प देखी गई।

नई दिल्ली में बंद के बावजूद ऑफिस, स्कूल और कॉलेज अपने नियमित समय पर ही खुले । प्रदर्शन के कारण दरियागंज और रामलीला मैदान के आस पास यातायात बाधित हुआ ।

पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बंद के समर्थन में कई जगह प्रदर्शन किये । पंजाब और हरियाणा में कुछ जगहों पर दुकानें और कारोबारी प्रतिष्ठान बंद दिखे । पंजाब में कांग्रेस ने लुधियाना, जालंधर, पटियाला, गुरदासपुर सहित कई स्थानों पर प्रदर्शन किया गया । इसी तरह हरियाणा में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, रोहतक और पानीपत सहित कई जगहों पर विरोध मार्च निकाला ।

महाराष्ट्र में कई भागों में बंद समर्थकों ने बसों को निशाना बनाया और ट्रेन यातायात को रोका । हांलांकि राज्य में स्कूल, कालेज और ऑफिस खुले रहे । एनसीपी, राज ठाकरे नीत एमएनएस, एसपी सहित अन्य दलों ने बंद का समर्थन किया । मुंबई में प्रदर्शन के दौरान करीब 100 कांग्रेसी नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया गया ।

केरल में बंद से जनजीवन प्रभावित रहा । सार्वजनिक और निजी परिवहन बसें और आटोरिक्शा सड़कों पर नजर नहीं आए ।

तेलंगाना में बंद का मिलाजुला असर देखने को मिला । पुलिस ने प्रदर्शन करने और बसों को चलने से रोकने का प्रयास करने पर कांग्रेस, वामदल और टीडीपी के कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया ।

करीमनगर में एआईसीसी सचिव श्रीनिवास कृष्णन और 40 अन्य को ऐहतियाती हिरासत में लिया गया ।

कर्नाटक में भारत बंद से जनजीवन प्रभावित हुआ । बेंगलुरू की सड़कें सुनसान रहीं और सरकारी बसें, निजी टैक्सी और ज्यादातर आटोरिक्शा सड़कों से दूर रहे। कारोबारी प्रतिष्ठान, दुकानें, मॉल, कुछ निजी कंपनियां बंद रहीं । मेंगलुरू में खुली दुकानें और होटल  पर पथराव की खबरें सामने आयी हैं ।

झारखंड में बंद जबरन लागू करने का प्रयास करने पर कांग्रेस के 58 कार्यकर्ताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया ।
पुडुचेरी में सार्वजनिक वाहन सड़कों से गायब नजर आये जबकि  तमिलनाडु में जनजीवन कुल मिला कर सामान्य रहा । सरकार की स्वामित्व वाली एक एक्सप्रेस बस और एक निजी कालेज वाहन पर पत्थर फेंके गये । और ट्रेड यूनियनों से जुड़े आटोरिक्शा सड़कों से दूर रहे ।

अरुणाचल प्रदेश में बंद की वजह से जनजीवन प्रभावित हुआ । राज्य में सभी दुकानें, बैंक समेत कारोबारी प्रतिष्ठान और शिक्षण संस्थान बंद रहे और निजी गाड़ियां सड़कों से नदारद रहे.राज्य की राजधानी में करीब सौ कांग्रेस कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है.

गोवा में कांग्रेस ने गणेशोत्सव के कारण बंद नहीं कराया बल्कि आम लोगों को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढोत्तरी करने वाली केन्द्र सरकार की ‘‘नीतियों की हकीकत बताने’’ के लिए पेट्रोल पंपों पर गये ।

गुजरात में  ‘भारत बंद’ का मिला-जुला असर रहा । उत्तर प्रदेश में बंद का ज्यादा असर देखने को नहीं मिला और ज्यादातर दुकानें और कारोबारी प्रतिष्ठान खुले रहे । कांग्रेस शासित मिजोरम में भी दुकानें, कार्यालय और शैक्षणिक संस्थान खुले रहे और इन पर बंद का कोई असर नहीं हुआ ।  पश्चिम बंगाल में भी लगभग सभी दुकानें, कालेज और कार्यालय खुले रहे और परीक्षाएं भी तय कार्यक्रम के अनुसार आयोजित हुईं ।

 

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